: सीहोर गौरव दिवस के उपलक्ष्य में प्रथम दिन प्रभात फेरी निकाली गई
Sun, Nov 27, 2022
प्रभात फेरी में दो हजार से अधिक स्कूली बच्चे एवं नागरिक शामिल हुए सीहोर का गौरव दिवस 29 नवम्बर को मनाया जाएगा। गौरव दिवस के उपलक्ष्य में पांच दिवसीय कार्यक्रम का शुभारंभ 25 नवम्बर को प्रात: आवासीय खेल परिसर से प्रभात फेरी निकाली गई। प्रभात फेरी को विधायक श्री सुदेश राय एवं नगर पालिका अध्यक्ष श्री प्रिंस राठौर ने हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी एवं प्रभारी कलेक्टर श्री हर्ष सिंह, एसपी श्री मयंक अवस्थी सहित अनेक अधिकारी, कर्मचारी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।प्रभात फेरी में दो हजार से अधिक स्कूली बच्चे एवं नागरिक शामिल हुए। प्रभात फेरी आवासीय खेल परिसर ने निकली तथा नगर के विभिन्न मार्गो से होते हुए टाउन हाल में समाप्त हुई। समापन अवसर पर विधायक श्री सुदेय राय एवं नगर पालिका अध्यक्ष प्रिंस राठौर ने संबोधित किया। विधायक श्री राय ने सभी को सीहोर को स्वच्छ और सुन्दर बनाने की शपथ दिलाई।
: युवा और प्रतिष्ठित स्वतंत्रता सेनानी खुदीराम बोस पर तेलुगू में बनी बायोपिक का 53वें इफ्फी में प्रदर्शन
Tue, Nov 22, 2022
मैं चाहता हूं कि हर कोई खुदीराम के बारे में जाने, फिल्म में स्वतंत्रता संग्राम के बारे में कुछ कम ज्ञात तथ्य भी दर्शाए गए हैं: निर्देशक विद्या सागर राजू
युवा, प्रतिष्ठित स्वतंत्रता सेनानी और भारत के स्वतंत्रता संग्राम के सबसे कम उम्र के शहीदों में से एक खुदीराम बोस पर तेलुगू में बनी एक बायोपिक आज 53वें इफ्फी के इंडियन पैनोरमा खंड के तहत प्रदर्शित की गई।निर्देशक विद्या सागर राजू ने जब तीसरी बार फिल्म निर्देशक की भूमिका निभाने का मन बनाया, तो उन्होंने इस बायोपिक को बनाने का फैसला किया। इसका कारण बताते हुए उन्होंने कहा, "मैं चाहता हूं कि हर कोई खुदीराम के बारे में जाने।"इफ्फी के दौरान एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए निर्देशक विद्या सागर राजू ने कहा कि इस फिल्म की पटकथा तैयार करने से पहले उन्हें गहन शोध करना पड़ा। उन्होंने कहा कि खुदीराम का जीवन और काल स्वतंत्रता आंदोलन की महत्वपूर्ण घटनाओं और व्यक्तित्वों, जैसे बंगाल का विभाजन और रवींद्रनाथ टैगोर, स्वामी विवेकानंद, सिस्टर निवेदिता, बरेंद्रनाथ घोष और अन्य के साथ जुड़ा हुआ था। फिल्म में स्वतंत्रता संग्राम के बारे में कुछ कम ज्ञात तथ्य भी दिखाए गए हैं, जैसे खुदीराम का केस छह वकीलों ने लड़ा था। उस समय के जाने-माने वकील नरेंद्र कुमार बसु ने खुदीराम का केस लड़ा था, हालांकि वे इसे जीत नहीं पाए थे। इसमें दिखाया गया है कि भारत का पहला झंडा सिस्टर निवेदिता ने डिजाइन किया था और फिल्म में इसका बहुत ही महत्वपूर्ण प्लॉट है। इसमें 1906 में घटित एक अन्य महत्वपूर्ण ऐतिहासिक घटना को भी प्रदर्शित किया गया, जब देश में पहली ध्वनि रिकॉर्डिंग की गई थी, जिसमें रवींद्रनाथ टैगोर ने
वंदे
गाया था।
विद्या सागर राजू ने कहा, “जब हमारी टीम ने खुदीराम का इतिहास पढ़ा, तो हमने पाया कि दिखाने के लिए बहुत कुछ था। "पटकथा हमें बंगाल में विभाजन की भयावहता तक ले जाती है, जिसमें अनेक ऐतिहासिक पात्र शामिल हैं। मैंने उनके जीवन पर आधारित फिल्म को थोड़ा विस्तृत बनाने की कोशिश की”।निर्देशक ने फिल्म को बढि़या बनाने का श्रेय फिल्म के अभिनेता, अभिनेत्री और टीम के अन्य सदस्यों को दिया। उन्होंने कहा, इसमें काम करने वाले वरिष्ठ तकनीशियन जानते थे कि पटकथा को कैसे जीवंत किया जाए। "वे फिल्म के पीछे से काम करते हैं, लेकिन मेरे लिए वे सर्वप्रथम हैं"।नवोदित अभिनेता राकेश जगरलामुदी, जिन्होंने खुदीराम बोस की भूमिका निभाई है, ने अपनी पहली फिल्म में एक स्वतंत्रता सेनानी की भूमिका निभाने में सक्षम होने पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक चरित्र के वास्तविक जीवन का किरदार निभाना उनके लिए थोड़ा चुनौतीपूर्ण था। उन्होंने कहा, लेकिन, टीम के सहयोग ने इसे आसानी से करने में मदद की। राकेश ने कहा, विवेक ओबेरॉय, अतुल कुलकर्णी, नसीर और अन्य वरिष्ठ अभिनेताओं के साथ काम करना एक नवोदित अभिनेता के लिए सीखने का एक समृद्ध अनुभव था।विद्या सागर राजू ने कहा, फाइन-ट्यूनिंग, निपुणता, सूक्ष्म विवरण, संस्कृति और पात्रों को अपनाना फिल्म निर्माण के महत्वपूर्ण तत्व हैं। क्षेत्रीय फिल्मों के बारे में उन्होंने कहा, "दुनिया भर में सभी भावनाएं समान हैं इसलिए क्षेत्रीय फिल्में भी अंतरराष्ट्रीय दर्शकों को आकर्षित करती हैं।"
निर्देशक ने कहा कि जब देश ‘'आजादी का अमृत महोत्सव’ मना रहा है, तो हमने अपने महान स्वतंत्रता सेनानियों पर एक फिल्म बनाने के बारे में सोचा। “फिर हमने खुदीराम बोस पर फिल्म बनाने की अपनी यात्रा शुरू की”।यह फिल्म सात भारतीय भाषाओं में रिलीज होगी। खुदीराम बोस पर फिल्म बनाने वाली टीम ने कहा कि वह संसद के आगामी शीतकालीन सत्र के दौरान इस फिल्म के हिंदी संस्करण को प्रदर्शित करने की योजना बना रही है।
: जनजातीय गौरव दिवस
Tue, Nov 15, 2022
राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मू 15 नवंबर को शहडोल जिले के प्रवास पर रहेगीशहडोल में राज्य स्तरीय जनजाति गौरव दिवस में मुख्य अतिथि होंगीराष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू 15-16 नवंबर को मध्यप्रदेश प्रवास पर रहेंगी। वे 15 नवंबर को शहडोल के लालपुर में जनजातीय गौरव दिवस के राज्य-स्तरीय कार्यक्रम में शामिल होंगी और इसी दिन शाम को भोपाल से दो परियोजनाओं का वर्चुअल शिलान्यास करेंगी। राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मू 16 नवंबर को मोतीलाल नेहरू स्टेडियम भोपाल में महिला स्व-सहायता समूह सम्मेलन में सम्मिलित होंगी।निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मू 15 नवंबर को प्रात: 11:30 बजे जबलपुर आयेंगी और वहाँ से दोपहर 12.25 पर शहडोल पहुँचेंगी। दोपहर 1:45 बजे लालपुर (शहडोल) से जनजातीय गौरव दिवस में शामिल होंगी। राष्ट्रपति दोपहर 3 बजे शहडोल से प्रस्थान कर अपरान्ह 3:55 जबलपुर और वहाँ से सायं 5:25 बजे भोपाल पहुँचेंगी।राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मू सायं 6:30 बजे राजभवन, भोपाल से सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की रातापानी, औबेदुल्लागंज-इटारसी फोरलेन परियोजना (एनएच-46) और रक्षा मंत्रालय की ग्वालियर स्थित रक्षा अनुसंधान एवं विकास संस्थान में मेक्सिमम माइक्रोवाइल कंटेनमेंट लेबोरेट्ररी (बीएसएल 4) का वर्चुअली शिलान्यास करेंगी।राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मू 16 नवंबर को प्रात: 11:30 बजे मोतीलाल नेहरू स्टेडियम में महिला स्व-सहायता समूह सम्मेलन में भाग लेंगी। राष्ट्रपति दोपहर 12:55 बजे भोपाल से वायुयान द्वारा दिल्ली के लिये प्रस्थान करेंगी।राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मू भगवान बिरसा मुंडा जयंती पर लालपुर, शहडोल में जनजातीय गौरव दिवस के राज्य स्तरीय कार्यक्रम में शामिल होंगी। राष्ट्रपति द्वारा इस दौरान मध्यप्रदेश में पेसा एक्ट को आधिकारिक तौर पर लागू भी किया जायेगा। राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल, मुख्यमंत्री मध्यप्रदेश श्री शिवरज सिंह चौहन , केन्द्रीय जनजातीय कार्य मंत्री श्री अर्जुन मुंडा, केन्द्रीय इस्पात एवं ग्रामीण विकास राज्य मंत्री श्री फग्गन सिंह कुलस्ते, प्रदेश की डिपार्टमेंट ऑफ़ ट्राइबल वेलफेयर, मध्यप्रदेश मंत्री श्रीमती मीना सिंह , डिपार्टमेंट ऑफ फॉरेस्ट, मध्यप्रदेश मंत्री कुं. विजय शाह, डिपार्टमेंट ऑफ फूड, सिविल सप्लाइज & प्रोटेक्शन - मध्यप्रदेश मंत्री श्री बिसाहू लाल सिंह और डिपार्टमेंट ऑफ एनिमल हसबेंड्री, मध्यप्रदेश मंत्री श्री प्रेमसिंह पटेल उपस्थित रहेंगे।