: जिले में राष्ट्रीय मेरिट कम मींस छात्रवृत्ति परीक्षा संपन्न
Mon, Dec 2, 2024
जिले में राष्ट्रीय मेरिट कम मींस छात्रवृत्ति परीक्षा संपन्न
नरसिंहपुर। स्कूल शिक्षा और साक्षरता विभाग की तरफ से आर्थिक रूप से कमजोर मेधावी छात्रों को कक्षा आठवीं में पढ़ाई छोड़ने से रोकना और उनकी माध्यमिक शिक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जिले की समस्त विकासखंड में राष्ट्रीय मेरिट कम मींस छात्रवृत्ति परीक्षा संपन्न हुई।इस दौरान मानसिक योग्यता परीक्षा अवधि 90 मिनट में तर्क और आलोचनात्मक सोच संबंधी बहुविकल्पीय प्रश्न एवं शैक्षिक अभिरुचि परीक्षा (सेट), 90 मिनट की अवधि में विज्ञान, सामाजिक अध्ययन और गणित विषयों के बहुविकल्पीय प्रश्नों के हल परीक्षार्थियों द्वारा किये गये। जिले की विकासखंड सांइखेड़ा के अंतर्गत शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय गाडरवारा, शासकीय उच्चतर माध्यमिक बीटीआई गाडरवारा, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सांईखेड़ा के परीक्षा केन्द्रों में कुल 645 परीक्षार्थियों में से 590 परीक्षार्थी उपस्थित एवं 55 परीक्षार्थी अनुपस्थित, विकासखंड चांवरपाठा के अंतर्गत शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय चांवरपाठा, शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय तेंदूखेड़ा व शासकीय राघव कृषि उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बोहानी के परीक्षा केन्द्रों में कुल 578 परीक्षार्थियों में से 533 परीक्षार्थी उपस्थित एवं 45 परीक्षार्थी अनुपस्थित, विकासखंड गोटेगांव के अंतर्गत शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय करकबेल व सीएम राइज विद्यालय गोटेगांव के परीक्षा केन्द्रों में कुल 627 परीक्षार्थियों में से 570 परीक्षार्थी उपस्थित एवं 57 परीक्षार्थी अनुपस्थित, विकासखंड करेली के अंतर्गत शासकीय हायर सेकेंडरी बालक आमगांव बड़ा, शासकीय हायर सेकेंडरी बालिका करेली व शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय उमरिया के परीक्षा केन्द्रों में कुल 603 परीक्षार्थी में से 582 परीक्षार्थी उपस्थित एवं 21 परीक्षार्थी अनुपस्थित, विकासखंड चीचली के अंतर्गत शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय चीचली, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय करपगांव व शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सालीचौका के परीक्षा केन्द्रों में कुल 814 परीक्षार्थियों में से 758 परीक्षार्थी उपस्थित एवं 56 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। विकासखंड नरसिंहपुर के अंतर्गत पीएम श्री शासकीय महारानी लक्ष्मीबाई कन्या उत्तर माध्यमिक विद्यालय नरसिंहपुर में कुल 548 परीक्षार्थी में से 509 परीक्षार्थी उपस्थित व 39 परीक्षार्थी अनुपस्थित, पीएम श्री शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मुंगवानी में 240 परीक्षार्थियों में से 237 परीक्षार्थी उपस्थित व तीन परीक्षार्थी अनुपस्थित और शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय धमना में 122 परीक्षार्थियों में से 120 परीक्षार्थी उपस्थित व दो परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। परीक्षा के सुचारू संचालन के लिए जिला एवं विकासखंड स्तर पर कंट्रोल रूम बनाया गया था। परीक्षा के दौरान जिला शिक्षा केंद्र के एपीसी, समस्त विकासखंड शिक्षा अधिकारी, स्त्रोत समन्वयक, बीएससी, जन शिक्षक, ब्लॉक कम्प्यूटर प्रोग्रामर, संबंधित संस्था के प्राचार्य एवं शिक्षकों द्वारा मण्डल के नियमानुसार परीक्षा विधिवत संपन्न कराई गई ।
: पलेरा के स्कूल मे बैगलेस डे पर खेल स्पर्धाएं आयोजित
Mon, Dec 2, 2024
पलेरा के स्कूल मे बैगलेस डे पर खेल स्पर्धाएं आयोजित
गाडरवारा। गत दिवस क्षेत्र के चीचली ब्लॉक अंतर्गत ग्राम पलेरा की एकीकृत शासकीय न माध्यमिक शाला मे राज्य शिक्षा केंद्र के निर्देशानुसार बैगलेस डे पर विभिन्न स्पर्धाओ का आयोजन किया गया। इस अवसर पर 1 से 8 वी तक के बच्चों ने चम्मच दौड़,बोरा दौड़, मेंढक दौड़,पीछे चलने वाली दौड़,कुर्सी दौड़, लंगड़ी दौड़ आदि खेलों में बड़े उत्साह से भाग लिया। शाला के प्रधान पाठक मनीष श्रीवास्तव ने बताया कि खेल खेलने से हमारा शारीरिक व्यायाम होता है एवं बच्चों में आपनी समझ व भाईचारे की भावना का विकास होता है। जीवन में खेलों का बड़ा ही महत्व है। यह छात्रों को ध्यान एवं शैक्षणिक एकाग्रता में सुधार के लिए अत्यंत आवश्यक है। शाला की खेल गतिविधियो को किशोर विश्वकर्मा द्वारा पूरा किया गया। इस अवसर पर प्रमिला श्रीवास्तव,अतिथि शिक्षक देवकिशन मेहरा एवं अंजलि कौरव उपस्थित रहे।
: गाडरवारा में गन्ना उत्पादक किसान संघ की बैठक सम्पन्न
Mon, Dec 2, 2024
गन्ना उत्पादक किसान संघ की बैठक सम्पन्न
https://youtu.be/uwq7CGqnb_0?si=lWxU-6D8vmP2UiNOगन्ना उत्पादक किसान संघ जिला नरसिंहपुर की बैठक एडवोकेट एन एस पटेल की अध्यक्षता में 1दिसंबर 2024को जवाहर कृषि उपज मंडी गाडरवारा में सम्पन्न हुई,जिसमें करेली शुगर मिल के किसानों सहित 32गांव के सैकड़ों किसानों ने भागीदारी कर अपने अपने सुझाव दिए। बैठक में गन्ना नीति पर सरकारों ने जो संशोधन किए उन पर गन्ना उत्पादक किसान संघ के जगदीश पटेल ने बताया कि सरकारों द्वारा गन्ना प्रदाय एवं क्रय नियम आदेश की धारा 1953 में गन्ना नीति बनने के समय 8.5 प्रतिशत रिकवरी से शुरुआत की थी जो तत्कालीन सरकारों ने 2009में 9.5और अब 10.25रिकवरी पर एफ आर पी रेट तय करने के निर्णय लिए हैं जिससे किसानो को गन्ना की खेती घाटे का सौदा हो रही है इसके अलावा केंद्र सरकार ने गन्ना नियंत्रण आदेश 1966 से धारा 5 ए को हटा दिया है जिसके तहत किसानों को चीनी मिलों को प्राप्त होने वाले अर्जित लाभ से अतिरिक्त मूल्य मिलने का प्रावधान था। ओर राज्य सरकारों को राज्य परामर्श मूल्य ( एस ए पी) घोषित कर किसानों के हितों की रक्षा करना था जिसे केंद्र सरकार ने रद्द कर दिया। सरकारों द्वारा किसानों के लिए फायदेमंद प्रावधानों को हटाकर मिलो के पक्ष में निर्णय ले रही हैं जिन्हें तत्काल रोककर गन्ना किसानों के हित में लागू करना चाहिए। सरकार ने चीनी नियंत्रण आदेश 2024सुधार के नाम पर 22अगस्त 2024को जारी किया गया है जो मिलों एवं किसानों के हितों के खिलाफ है, जिसमें शुगर मिलो और प्रशासनिक स्तर पर दावे आपत्ति मांगे गए हैं किसानों से कोई राय नहीं ली गई ।बैठक में किसानों ने जिले की गन्ना मिलो द्वारा मनमर्जी के रेट थोपे जाना ,शुगर मिलो द्वारा गन्ना उत्पादन और मूल्य सहित गन्ना किसानों के सामने आ रही समस्याओं पर विचार कर सर्वसम्मति से निम्न मांगो को चिन्हांकित करते हुए निराकरण कराए जाने चरणबद्ध तरीके से संघर्ष की रूपरेखा बनाई गई।1_नरसिंहपुर जिले सहकारी सुगर मिल आनिवार्य रूप से खोली जावे क्योंकि मध्य प्रदेश का सर्वाधिक 65प्रतिशत गन्ना उत्पादन जिले में होता है।2_मध्य प्रदेश गन्ना प्रदाय एवं क्रय नियमन अधिनियम की धारा 1953की धारा 20(1) के प्रावधान अनुसार रिकवरी अनुसार घोषित रेट दिया जावे जो 9.25 रिकवरी के आधार पर हो।जिसे गन्ना उत्पादक किसान पाने के अधिकारी हैं।3,_चीनी नियंत्रण आदेश 2024वापिस लिया जाए।4_गन्ना नियंत्रण आदेश 1966की धारा 5ए को पुनः लागू की जावे।5_नरसिंहपुर जिले में गन्ना किसानों को शुरुआत में 400रु प्रति क्विंटल रेट दिया जाय क्योंकि प्रदेश की बुरहानपुर शुगर मिल द्वारा गन्ना किसानों को 400रु प्रति क्विंटल मूल्य दिया जा रहा है जबकि बुरहानपुर क्षेत्र की रिकवरी रेट से नरसिंहपुर जिले का रिकवरी रेट ज्यादा है।6_प्रत्येक किसान को गन्ने का भुगतान 14दिन के अन्दर आनिवार्य किया जावे, बिलंब होने पर ब्याज सहित भुगतान किया जावे, परिवहन एवं मजदूरों का भुगतान तत्काल किया जावे।7_मिल द्वारा मजदूरों से गन्ना जलाकर लिया जाता है तो तय रेट से 30रु अतिरिक्त रेट दिया जावे।8_गन्ना मिलो द्वारा सबसे पहले रक्षित क्षेत्र का गन्ना उठाने के बाद ही बाहरी क्षेत्र का गन्ना लिया जावे। रक्षित क्षेत्र के किसानों को लेबर या हार्वेस्टर एवं परिवहन व्यवस्था मिलो द्वारा की जावे।9_. प्रत्येक सुगर मिलो द्वारा रक्षित क्षेत्र की सूची नोटिस बोर्ड पर चस्पा की जाए एवं जिन किसानों का गन्ना कट रहा है प्रति सप्ताह उनकी सूची चस्पा की जावे ।10_सभी मिलों में गन्ना उत्पादक किसान संघ के प्रतिनिधियों के समक्ष प्रशासकीय अधिकारियों की उपस्थिति में प्रति सप्ताह आकस्मिक तोल कांटो को चेक कराया जाए।11_शक्ति शुगर मिल कौड़ियां द्वारा विगत सीजन का 20रु प्रति क्विंटल किसानों का भुगतान तत्काल किया जावे।11_कृषि विज्ञान केंद्र नरसिंहपुर एवं गन्ना अनुसन्धान केंद्र बोहानी में तत्काल लेब शुरु किए जावें जिसमें किसान गन्ने की मौजूदा रिकवरी चेक करा सकें।12_रिकवरी चेक करने जिला स्तर पर एक टीम गठित की जावे जो प्रति सप्ताह प्रत्यक मिल की जांच गन्ना उत्पादक किसानों के प्रतिनिधियों के साथ सैंपलिंग करे।
मंत्री, विधायक, सांसद को सौंपा जाएगा ज्ञापन
उक्त मांगो के निराकरण के सम्बन्ध में सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि देश ओर प्रदेश में संसद और विधानसभाओं के अन्दर सरकारें नियम बनाती हैंऔर उन्हें प्रशासन से लागू कराती हैं इसलिए हमारे जिले के चुने हुए विधायक केबिनेट मंत्री माननीय प्रहलाद पटेल, माननीय उदय प्रताप सिंह, माननीय विधायक मुलायम सिंह जी, माननीय विधायक एवं क्षेत्रीय सांसद माननीय चौधरी दर्शन सिंह से समय लेकर चर्चा कर ज्ञापन सौंपा जाएगा। यदि कोई हल नहीं निकलता है तो गन्ना उत्पादक किसान संघ उग्र आंदोलन की रूपरेखा बनाने मजबूर होगा।बैठक को मुख्य रूप से संबोधन करने बालों में पवन पटेल , राजाराम पटेल, प्रतीक शर्मा, चौधरी आनंद कौरव, रघुवर पटेल, लालसाहब वर्मा, एड वृन्दावन राजपूत, किसान नेता बृजमोहन कौरव, राहुल सिंह राजपूत ने अपने विचार रखे उसके बाद सभी उपस्थित गन्ना किसानों ने आपस में चर्चा कर उक्त समस्याएं चिन्हांकित कर एक प्रतिनिधि मंडल माननीयों से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपकर निराकरण की मांग करेगा, अंत में बैठक की अध्यक्षता कर रहे एडवोकेट एन एस पटेल ने गन्ना किसानों के हित में बैठक की सफलता ओर किसानों की उपस्थिति के लिए आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में शोषित पीड़ित किसानो को बड़ी तादात मे एकत्रित होने की अपेक्षा के साथ बैठक का समापन किया गया। संचालन जगदीश पटेल द्वारा किया गया।बैठक में वक्ताओं के अलावा रामसिंह वर्मा, नरेन्द्र वर्मा, विष्णु कौरव, प्रदीप कौरव, चौधरी आनंद कौरव,लीलाधर वर्मा, भैरों प्रसाद विश्वकर्मा, भोजराज पटेल,कमल सिंह पटेल, विनोद कौरव, कैलाश पटेल सरपंच, मनीराम वर्मा, तुलसीराम श्रीवास,जगदीश गुज़र, नन्हेलाल वर्मा, बड़ेलाल कौरव, रामस्वरूप पटेल, मनोज कौरव, शशिकांत रघुवंशी, शैलेन्द्र कौरव, मनोज कौरव, प्रवेश, धर्मेंद्र हरिजन, जयप्रकाश कौरव, सुरेश पटेल, प्रमोद कुमार, प्रशांत कौरव, हरिशरण सिंह तोमर, रोहित कुमार, आशीष कुशवाहा, दीपेश कोरव ,राजेश कोरव ,सौरभ कोरव , आदित्य कोरव ,प्रतीक शर्मा ,अमर सिंह कोरव ,रमन सिंह राजपूत ,गेंदालाल वर्मा, तुलाराम वर्मा, अनोद कौरव, चौधरी दीपक कोरव ,दीपेश पटेल, संकेत नायक ,ऋषिकेश राजपूत, दुर्जन सिंह सागोलिया, महेंद्र सिंह पटेल ,वृंदावन सिंह राजपूत, संजय कुमार पटेल, राहुल सिंह राजपूत ,राघवेंद्र गुर्जर, कुलदीप जी कौरव ,शंकर सिंह कौरव, दीपेश कौरव ,अभिषेक कोरव, राव सिमेंद्र सिंह ,नारायण ,गणेश, नर्मदा प्रसाद पटेल ,नितिन सोनी मनोज मालपानी ,महेंद्र रघुवंशी, आनंद अग्रवाल, कालूराम वर्मा, दारा सिंह मेहरा ,विश्राम वर्मा, गंगाराम बघेले ,एल एन वर्मा, यादुराज वर्मा ,रामनारायण पटेल, राजेंद्र राजपूत ,बीके शर्मा, मनोज पटेल ,छोटेलाल ठाकुर, सहित सैकड़ो किसान बैठक में शामिल हुए।