: सिविल सेवा (प्रधान) परीक्षा, 2022– लिखित परीक्षा के परिणाम
Tue, Dec 6, 2022
संघ लोक सेवा आयोग द्वारा दिनांक 16 सितम्बर, 2022 से 25 सितम्बर, 2022 तक आयोजित सिविल सेवा (प्रधान) परीक्षा, 2022 के परिणामों के आधार पर निम्नलिखित अनुक्रमांक वाले उम्मीदवारों ने भारतीय प्रशासनिक सेवा, भारतीय विदेश सेवा, भारतीय पुलिस सेवा तथा अन्य केन्द्रीय सेवाओं (समूह ‘क’ तथा समूह ‘ख’) में चयन हेतु व्यक्तित्व परीक्षण (साक्षात्कार) के लिए अर्हता प्राप्त कर ली है।2. इन उम्मीदवारों की उम्मीदवारी, इनके सभी प्रकार से पात्र पाए जाने के अध्यधीन अनंतिम है। उम्मीदवारों को उनके व्यक्तित्व परीक्षण (साक्षात्कार) के समय आयु, शैक्षणिक योग्यताओं, समुदाय, आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस), बेंचमार्क दिव्यांगता (पीडब्ल्यूबीडी) के अपने दावों के समर्थन में मूल प्रमाण पत्र तथा अन्य दस्तावेज, जैसे यात्रा भत्ता प्रपत्र आदि प्रस्तुत करने होंगे। अत:, उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे उपर्युक्त दस्तावेज तैयार रखें। अ.जा./अ.ज.जा./अ.पि.व./ ईडब्ल्यूएस/ पीडब्ल्यूबीडी/ पूर्व-सैन्य कर्मियों आदि के लिए उपलब्ध आरक्षण/रियायत का लाभ उठाने के इच्छुक उम्मीदवारों द्वारा प्रस्तुत किए जाने वाले मूल प्रमाण-पत्र, सिविल सेवा (प्रारंभिक) परीक्षा, 2022 के आवेदन-पत्र जमा करने की अंतिम तारीख अर्थात् 22.02.2022 तक जारी हुए होने चाहिए। 3. इन उम्मीदवारों के व्यक्तित्व परीक्षण (साक्षात्कार) की तिथियां यथासमय अधिसूचित की जाएंगी जो कि, संघ लोक सेवा आयोग, धौलपुर हाउस, शाहजहां रोड, नई दिल्ली-110069 के कार्यालय में आयोजित होगा। व्यक्तित्व परीक्षण (साक्षात्कार) का कार्यक्रम तद्नुसार उपलब्ध करा दिया जाएगा। उम्मीदवारों के व्यक्तित्व परीक्षण (साक्षात्कार) हेतु ई-समन पत्र यथासमय उपलब्ध करा दिए जाएंगे, जो आयोग की वेबसाइट https://www.upsc.gov.in तथा https://www.upsconline.in से डाउनलोड किए जा सकते हैं। ऐसे उम्मीदवार, जिन्हें व्यक्तित्व परीक्षण हेतु ई-समन पत्र डाउनलोड करने में कठिनाई हो, वे आयोग कार्यालय से पत्र द्वारा या टेलीफोन नं. 011-23385271, 011-23381125, 011-23098543 या फैक्स नं. 011-23387310, 011-23384472 पर या ई-मेल (csm-upsc@nic.in) के माध्यम से तत्काल संपर्क करें। आयोग द्वारा व्यक्तित्व परीक्षण (साक्षात्कार) हेतु कोई कागजी समन पत्र जारी नहीं किया जाएगा। 4. सामान्यत:, उम्मीदवारों को सूचित की गई व्यक्तित्व परीक्षण(साक्षात्कार) की तारीख तथा समय में परिवर्तन के किसी भी अनुरोध पर विचार नहीं किया जाएगा। 5.1 जिन उम्मीदवारों ने व्यक्तित्व परीक्षण (साक्षात्कार) हेतु अर्हता प्राप्त कर ली है उनको अपना विस्तृत आवेदन प्रपत्र-II (डीएएफ-II) अनिवार्य रूप से भरकर जमा करना अपेक्षित है। इस संदर्भ में, सिविल सेवा परीक्षा, 2022 की नियमावली में निम्नलिखित प्रावधान किए गए हैं: “14(1)” परीक्षा हेतु साक्षात्कार / व्यक्तित्व परीक्षण आरंभ होने से पहले, उम्मीदवारों को, आबंटन हेतु केवल उन सेवाओं के लिए अपने वरीयता क्रम का उल्लेख अपने ऑनलाइन विस्तृत आवेदन पत्र-II (डीएएफ-II) में अनिवार्य रूप से करना होगा, जो सेवाएं सिविल सेवा परीक्षा-2021 में सम्मिलित की गई होंगी तथा अंतिम चयन की स्थिति में जिन सेवाओं के अंतर्गत आबंटित किए जाने के लिए उम्मीदवार इच्छुक है। अ.पि.व. अनुबंध (केवल अ.पि.व. श्रेणी के लिए) तथा ईडब्ल्यूएस अनुबंध (केवल ईडब्ल्यूएस श्रेणी के लिए) अनिवार्य रूप से जमा करने होंगे। डीएएफ-II या समर्थक दस्तावेजों को, निर्धारित तिथि के बाद जमा करने की अनुमति नहीं होगी तथा ऐसा करने में विलंब के कारण सिविल सेवा परीक्षा-2022 के लिए उम्मीदवारी निरस्त कर दी जाएगी। उम्मीदवार उच्चतर शिक्षा, विभिन्न क्षेत्रों में अपनी उपलब्धियों, सेवा अनुभव, आदि के संदर्भ में अतिरिक्त दस्तावेज/ प्रमाण-पत्र भी अपलोड कर सकते हैं। (2) संघ लोक सेवा आयोग द्वारा सेवा आबंटन हेतु अनुशंसा किए जाने की स्थिति में संबंधित उम्मीदवार को, अन्य शर्तों के पूरा होने के अध्यधीन, सरकार द्वारा केवल वही सेवाएं आबंटित करने पर विचार किया जाएगा, जिसके लिए उम्मीदवार ने ऑनलाइन विस्तृत आवेदन प्रपत्र-II में अपनी वरीयता का उल्लेख किया है। उम्मीदवारों द्वारा सेवाओं के संबंध में एक बार वरीयताओं का उल्लेख कर दिए जाने के बाद इसमें परिवर्तन की अनुमति नहीं होगी। यदि किसी उम्मीदवार ने किसी भी सेवा के लिए वरीयता का उल्लेख नहीं किया है तब उसके मामले में सेवा आबंटन पर विचार नहीं किया जाएगा। (3) ऐसे उम्मीदवार, जो भारतीय प्रशासनिक सेवा या भारतीय पुलिस सेवा हेतु विचार किए जाने के इच्छुक हों, उन्हें अपने ऑनलाइन विस्तृत आवेदन पत्र-II में भारतीय प्रशासनिक सेवा या भारतीय पुलिस सेवा हेतु विभिन्न जोनों तथा संवर्गों की अपनी वरीयता का क्रम उल्लिखित करना होगा। उम्मीदवारों द्वारा जोन तथा संवर्ग के संबंध में एक बार इंगित कर दिए गए वरीयता क्रम में परिवर्तन की अनुमति नहीं होगी।” टिप्पणी-I: उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि विभिन्न सेवाओं और पदों के संबंध में अपनी वरीयताएं भरते समय पर्याप्त सावधानी बरतें। इस संबंध में नियम 21 (1) की ओर भी ध्यान आकर्षित किया जाता है। टिप्पणी-II: उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे सेवा आबंटन, संवर्ग आबंटन आदि के विषय में सूचना एवं विवरण हेतु कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग की वेबसाइट https://dopt.gov.in या https://cseplus.nic.in को समय-समय पर देखते रहें। टिप्पणी-III: सिविल सेवा परीक्षा-2022, के लिए लागू मौजूदा संवर्ग आबंटन नीति के अनुसार, उम्मीदवारों जो भा.प्र.से./ भा.पु.से. का अपनी सेवा वरीयता के रूप में उल्लेख करने के इच्छुक हैं उनको सलाह दी जाती है कि वे अपने ऑनलाइन विस्तृत आवेदन प्रपत्र-II में वरीयता के क्रम में सभी जोनों तथा संवर्गों का उल्लेख करें। 5.2 अतः, परीक्षा नियमों के पूर्वोक्त प्रावधानों के अनुसार सभी उम्मीदवारों को डीएएफ-II केवल ऑनलाइन माध्यम से भरना और जमा करना है। यह डीएएफ-II संघ लोक सेवा आयोग की वेबसाइट (htpps://upsconline.nic.in) पर 08 दिसम्बर, 2022 से 14 दिसम्बर, 2022 सायं 6:00 बजे तक उपलब्ध होगा। ऐसा न करने की स्थिति में उनकी उम्मीदवारी निरस्त कर दी जाएगी और इस संबंध में आयोग द्वारा किसी भी पत्राचार पर विचार नहीं किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, ऐसे उम्मीदवारों को ई-समन पत्र जारी नहीं किया जाएगा। 6. डीएएफ-I तथा डीएएफ-II में पहले प्रदान की गई सूचना में किसी भी प्रकार का परिवर्तन/संशोधन करने के किसी भी अनुरोध पर आयोग द्वारा विचार नहीं किया जाएगा। तथापि, जहां कहीं आवश्यक हो, उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि उनके पते/ संपर्क संबंधी विवरण में किसी प्रकार का परिवर्तन होने पर, इस प्रेस नोट के प्रकाशन के 7 दिनों के भीतर पत्र, ई-मेल (csm-upsc@nic.in)अथवा पैराग्राफ 3 में उल्लिखित नंबरों पर फैक्स द्वारा सूचना तत्काल भेजी जाए। 7. अर्हता प्राप्त सभी उम्मीदवारों को साक्ष्यांकन प्रपत्र ऑनलाइन भरकर उसे ऑनलाइन ही जमा कराना होगा। साक्ष्यांकन प्रपत्र, व्यक्तित्व परीक्षण (साक्षात्कार) प्रारंभ होने की तारीख से व्यक्तित्व परीक्षण (साक्षात्कार) के पूरा होने तक कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग की वेबसाइट पर, https://cseplus.nic.in/Account/Login लिंक पर उपलब्ध कराया जाएगा। अत:, व्यक्तित्व परीक्षण (साक्षात्कार) के लिए अर्हता प्राप्त सभी उम्मीदवारों को इसे निर्धारित समय-सीमा के भीतर ही ऑनलाइन भरने की सलाह दी जाती है। साक्ष्यांकन प्रपत्र के संदर्भ में किसी प्रकार के प्रश्न/ स्पष्टीकरण के लिए उम्मीदवार, कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग से उनकी ई-मेल आईडी doais1@nic.in, usais-dopt@nic.in, या टेलीफोन नंबर 011-23092695/ 23040335/23040332 पर संपर्क कर सकते हैं। 8. सभी उम्मीदवारों के अंक-पत्र, अंतिम परिणाम [व्यक्तित्व परीक्षण (साक्षात्कार) के आयोजन के बाद] के प्रकाशित होने की तारीख से 15 दिनों के अंदर आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध होंगे तथा वेबसाइट पर 30 दिनों की अवधि के लिए उपलब्ध रहेंगे।
: केंद्रीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण ने राजस्व आसूचना निदेशालय के 65वें स्थापना दिवस समारोह का उद्घाटन किया
Tue, Dec 6, 2022
केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) के तत्वावधान में काम करने वाली शीर्ष तस्करी विरोधी खुफिया जांच एजेंसी, राजस्व आसूचना निदेशालय (डीआरआई) ने आज नई दिल्ली में अपना 65वां स्थापना दिवस मनाया।
समारोह की शुरुआत केंद्रीय वित्त और कॉर्पोरेट मामलों की मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण और केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री श्री पंकज चौधरी की उपस्थिति में उद्घाटन के साथ हुई। राजस्व सचिव, श्री संजय मल्होत्रा; केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) के अध्यक्ष श्री विवेक जौहरी; राजस्व आसूचना निदेशालय (डीआरआई) के महानिदेशक श्री मोहन कुमार सिंह के साथ बोर्ड के अन्य सदस्य इस अवसर पर उपस्थित थे। इस समारोह में सीबीआईसी के पूर्व अध्यक्षों और सदस्यों, डीआरआई के पूर्व महानिदेशकों सहित वरिष्ठ अधिकारियों ने भी भाग लिया। इस कार्यक्रम में लगभग 400 प्रतिभागियों ने भाग लिया और डीआरआई, सीबीआईसी, अंतर्राष्ट्रीय संगठनों और भारत सरकार के अन्यअधिकारियों के सैकड़ों उपस्थित लोगों की भागीदारी के साथ एक डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से इस कार्यक्रम का सीधा प्रसारण भी किया गया।केंद्रीय वित्त मंत्री ने "भारत में तस्करी (स्मगलिंग इन इंडिया) रिपोर्ट 2021-22" (
https://dri.nic.in/writereaddata/smuggling_in_india_report_2021_2022.pdf
) भी जारी की, जिसमें सोने की तस्करी, मादक औषधियों (नारकोटिक्स ड्रग्स) और (साइकोट्रोपिक पदार्थों, वन्यजीवों, वाणिज्यिक धोखाधड़ी और अंतर्राष्ट्रीय प्रवर्तन संचालन और सहयोग जैसे रुझानों का विश्लेषण किया गया है। राजस्व आसूचना निदेशालय (डीआरआई) के महानिदेशक श्री मोहन कुमार सिंह श्री एम के सिंह ने गणमान्य व्यक्तियों का स्वागत किया और पिछले वित्तीय वर्ष में डीआरआई के प्रदर्शन पर एक रिपोर्ट प्रस्तुत की।
श्रीमती सीतारमण ने राजस्व आसूचना निदेशालय (डीआरआई) और उसके अधिकारियों को उनके प्रदर्शन और सराहनीय सेवा के लिए बधाई दी। वित्त मंत्री ने डीआरआई और उसके अधिकारियों की पेशेवर उत्कृष्टता की सराहना की और कहा कि डीआरआई ने बेहतर लक्ष्य हासिल करने के लिए प्रत्येक वर्ष अपने प्रदर्शन के स्तर (बेंचमार्क) में सुधार किया है। वित्त मंत्री ने कहा कि डीआरआई के अनुकरणीय प्रदर्शन ने अन्य प्रवर्तन एजेंसियों के लिए मानदंड को और ऊंचा कर दिया है। वित्त मंत्री ने कहा कि वह भारत में विशेष रूप से दवाओं और सोने की तस्करी का पता लगाने की बारीकी से निगरानी कर रही हैं।श्रीमती सीतारमण ने डीआरआई की सराहना करते हुए कहा कि निदेशालय ने देश के 14 स्थलों में आजादी का अमृत महोत्सव के दौरान 44,000 किलोग्राम से अधिक मादक दवाओं को नष्ट कर दिया और कहा कि यह डीआरआई के प्रदर्शन और शमता ताकत का एक असाधारण प्रदर्शन है। वित्त मंत्री ने आगे कहा कि अब उद्देश्य इन मामलों में मुख्य संचालकों और अपराधियों / वित्तपोषकों को गिरफ्तार करके औषधि और एनडीपीएस अधिनियम मामलों को उनके तार्किक निष्कर्ष पर पहुंचाना होना चाहिए। वित्त मंत्री ने सोने और एनडीपीएस की तस्करी के खतरे का मुकाबला करने के लिए तस्करों से आगे रहने के लिए प्रौद्योगिकी अपनाने, निश्चित तरीके से काम करने, डेटा विश्लेषण और उनकी कार्यप्रणाली को बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने शत्रुता रखने वाले तत्वों (एडवर्स प्लेयर्स) द्वारा डेटा की घुसपैठ को रोकने के लिए कड़ी निगरानी रखने पर भी जोर दिया।
इस अवसर पर मुंबई संभागीय इकाई की उप–निदेशक सुश्री मिशाल क्वीनी डी'कोस्टा, और कोलकाता संभागीय इकाई के वरिष्ठ आसूचना अधिकारी श्री बिपुल बिस्वास को उनकी वीरता के अनुकरणीय कार्य के लिए 'वर्ष 2022 का राजस्व आसूचना निदेशालय (डीआरआई) वीरता पुरस्कार' प्रदान किया गयाI
इस अवसर पर भारतीय राजस्व सेवा (सीमा शुल्क और केंद्रीय उत्पाद शुल्क) के 1964 बैच के अधिकारी श्री आर. गोपालनाथन को उनकी विशिष्ट और प्रतिबद्ध सेवा के लिए डीआरआई ' उत्कृष्ट सेवा सम्मान, 2022' से सम्मानित किया गया।इस समारोह में केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री श्री पंकज चौधरी भी उपस्थित थे, जिन्होंने इस अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित किया। माननीय राज्य मंत्री ने सराहना करते हुए कहा कि डीआरआई ने आकार में छोटा होने के बावजूद स्वयं को एक बहुत प्रभावी प्रवर्तन एजेंसी के रूप में प्रतिष्ठित किया है। श्री चौधरी ने हाल के दिनों में स्वापक ओषधि और नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस - एनडीपीएस की कुछ प्रमुख बरामदगी का भी उल्लेख किया और इन मामलों में डीआरआई की के पेशेवर रुख की सराहना की। माननीय राज्य मंत्री ने नशीले पदार्थों की तस्करी और युवाओं पर इसके प्रभाव पर भी चिंता जताई। उन्होंने एनडीपीएस के मामलों में शून्य – सहिष्णुता (नो टॉलरेंस) की नीति पर जोर दिया।राजस्व सचिव श्री संजय मल्होत्रा ने अपने संबोधन में राजस्व आसूचना महानिदेशालय (डीआरआई) को 65वें स्थापना दिवस की बधाई दी और कहा कि इन 65 वर्षों के दौरान डीआरआई का बहुत लंबा और विशिष्ट रिकॉर्ड रहा हैI उन्होंने आने वाले वर्षों में चुनौतियों का मुकाबला करने के लिए डीआरआई को शुभकामनाएं दी।स्थापना दिवस समारोह के बाद 8वीं क्षेत्रीय सीमा शुल्क प्रवर्तन बैठक (आरसीईएम) का भी आयोजन किया गया, जिससे कि सहयोगी सीमा शुल्क संगठनों और अंतर्राष्ट्रीय एजेंसियों जैसे विश्व सीमा शुल्क संगठन, ड्रग्स और अपराध पर संयुक्त राष्ट्र कार्यालय (यूएनओडीसी) के साथ प्रभावी रूप से जुड़ सकें।इस उद्घाटन समारोह का समापन डीआरआई की दिल्ली संभागीय इकाई में प्रधान अपर महानिदेशक दिल्ली जोनल यूनिट श्री अभय कुमार श्रीवास्तव द्वारा 'धन्यवाद ज्ञापन' के साथ हुआ।