: नरसिंहपुर,कलेक्टर ने किया जिला पशु चिकित्सालय का निरीक्षण
Wed, Oct 16, 2024
कलेक्टर ने किया जिला पशु चिकित्सालय का निरीक्षण
नरसिंहपुर।कलेक्टर श्रीमती शीतला पटले ने जिला पशु चिकित्सालय नरसिंहपुर में ओपीडी पंजी, औषधि पंजी, एक्स- रे, सोनोग्राफी व औषधि भंडार कक्षों का निरीक्षण कर अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिये। निरीक्षण के दौरान उप संचालक पशु चिकित्सा सेवायें डॉ. असगर खान और अन्य स्टाफ मौजूद था। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने निर्देश दिये कि पशु चिकित्सा सेवा उन्नयन के लिए ऑपरेशन थियेटर स्थापित किया जाये। अस्पताल के परिसर में पानी व्यवस्था के लिए बोरवेल का प्रस्ताव आगामी जिला पशु कल्याण समिति की बैठक में रखने एवं पशु चिकित्सालय के सामने स्थित जर्जर भवन को गिराये जाने के निर्देश भी दिये। पशु रोग अनुसंधान प्रयोगशाला के निरीक्षण के दौरान उप संचालक डॉ. असगर खान ने कलेक्टर को अवगत कराया कि प्रयोगशाला में कोई भी पद स्वीकृत नहीं है। इस पर कलेक्टर ने कहा कि पद स्वीकृति के लिए शासन को पत्र लिखा जाये। कलेक्टर ने कृत्रिम गर्भाधान केन्द्र व केन्द्रीय वीर्य संस्थान का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान प्रजनन कार्यक्रम अधिकारी डॉ. एसके ब्रजपुरिया ने कलेक्टर को बताया कि जिले में प्रतिवर्ष लगभग एक लाख गौ भैंस वंशीय पशुओं में कृत्रिम गर्भाधान किया जाता है। प्रदेश के 10 जिलों में चयनित पायलट प्रोजेक्ट के तहत सेक्स शॉर्टेड सीमेन- एसएसएस से एआई की जा रही है। इस वर्ष अभी तक 1200 एआई सेक्स शॉर्टेड सीमेन से की जा चुकी है। इस पर कलेक्टर ने उन्नत विधि के व्यापक प्रचार- प्रसार करने के निर्देश दिये। कलेक्टर ने अस्पताल परिसर में शासकीय आवास निर्माण के लिए प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिये। एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत अस्पताल परिसर में रोपे गये पौधों का संरक्षण ट्री गार्ड के माध्यम से किये जाने की सराहना की।
: चीचली में विद्यार्थियों ने किया विज्ञान के चमत्कारों का प्रदर्शन किसी ने नारियल में आग लगाई, तो किसी ने बिना तेल के दिया जलाया।
Wed, Oct 16, 2024
चीचली में विद्यार्थियों ने किया विज्ञान के चमत्कारों का प्रदर्शन
किसी ने नारियल में आग लगाई, तो किसी ने बिना तेल के दिया जलाया।
(गाडरवारा) विगत दिवस विकासखंड चीचली के शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय में विकासखंड स्तरीय "जादू नहीं विज्ञान है, समझना समझाना आसान है" संबंधित प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इस प्रतियोगिता में विकासखंड अंतर्गत संचालित सभी हाई स्कूल एवं हायर सेकेंडरी विद्यालयों के विद्यार्थियों ने अपनी सहभागिता दी। इस प्रतियोगिता में विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए पूर्व जनपद अध्यक्ष मुकेश मरैया, डॉ चंद्रकांत गुप्ता, के एल साहू तथा मंडल अध्यक्ष नीरज पैगवार द्वारा अपने उद्बोधन में विज्ञान के महत्व तथा अंधविश्वास के निराकरण के संबंध में अपने विचार रखें। उनके द्वारा विज्ञान के अनेकों प्रयोगों के संबंध में विभिन्न बिंदुओं पर प्रकाश डाला। प्रतियोगिता में चार सदस्यीय निर्णायक मंडल अंतर्गत लखनलाल चौधरी, वीरेंद्र वर्मा, रामकुमार कहार, रमाकांत साहू ने विभिन्न आयाम यथा प्रस्तावना प्रस्तुतीकरण समयबद्धता हाव भाव, अभिनय कौशल, प्रभावशीलता, निष्कर्ष इत्यादि बिंदु के अंतर्गत को समाहित करते हुए प्रतियोगी छात्र-छात्राओं का आकलन किया। निर्णायक मंडल के निर्णय अनुसार जिला स्तरीय प्रदर्शन हेतु उत्कृष्ट विद्यालय चीचली , हाई स्कूल सहावन, हायर सेकेंडरी सूखाखैरी, हायर सेकेंडरी कन्या सालीचौका, हाई स्कूल गांगई के छात्र-छात्राओं ने अपना स्थान सुनिश्चित किया। अब इन विद्यालयों के चयनित विद्यार्थी जिला स्तरीय प्रतियोगिता में अपनी सहभागिता करेंगे। प्रतियोगिता में आगंतुक अतिथियों द्वारा विगत सत्र में सर्वाधिक अंक प्राप्त करने पर कक्षा दसवीं में आर्या ताम्रकार एवं बारहवी में संकायवार सर्वाधिक अंक प्राप्त करने पर आयुषी ताम्रकार, दीक्षा पाल, प्रीति कौरव, सिमरन खान को प्रशस्ति पत्र तथा पुरस्कार से सम्मानित किया। विकासखंड स्तर की शैक्षिक संगोष्ठी में प्रथम स्थान प्राप्त करने पर पुरुष वर्ग में शिक्षक सत्यम ताम्रकार तथा महिला वर्ग से शिक्षिका निधि साहू को प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया। प्रतियोगिता के सफल संचालन में प्राचार्य भूपेश ठाकुर, विकासखंड स्त्रोत समन्वयक डी के पटेल, गांगई प्राचार्य वीरेंद्र राजपूत, विद्यालय की विज्ञान प्रभारी एवं कार्यक्रम की नोडल अधिकारी सुलेखा शर्मा, भारत ताम्रकार, सत्यम ताम्रकार, हेमंत शुक्ला, जी एस मेहरा, रजनी सराठे, कार्यरत सभी अतिथि शिक्षक एवं सहभागिता करने वाले सभी विद्यालयों से आए मार्गदर्शी शिक्षकों ने अपना सक्रिय सहयोग दिया। कार्यक्रम का सफल मंच संचालन विनीत नामदेव एवं के आर रजक एवं आभार प्राचार्य भूपेश ठाकुर द्वारा द्वारा किया गया। इस प्रतियोगिता का आयोजन जिला शिक्षा अधिकारी नरसिंहपुर के मार्गदर्शन एवं विकासखंड शिक्षा अधिकारी चीचली निर्देशन में हुआ।
: नरसिंहपुर जिले के प्रमुख समाचार
Wed, Oct 16, 2024
नशा मुक्त भारत अभियान के संबंध में कलेक्टर ने ली बैठकनशे के दुष्प्रभावों को बताकर लोगों को किया जाये जागरूकबैठक में हेल्पलाइन नंबर 14446 पर दी विस्तार से जानकारीनरसिंहपुर ।नशा मुक्त भारत अभियान (एनएमबीए) का संदेश फैलाने और संवेदीकरण कार्यक्रम, जन जागरूकता गतिविधियां आदि संचालित करने के निर्देश कलेक्टर श्रीमती शीतला पटले ने नरसिंह भवन के सभागार में आयोजित बैठक में दिये। बैठक में उन्होंने मौजूद विभिन्न विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया कि नशा मुक्त भारत अभियान को जन आंदोलन के रूप में चलाया जाये। इसके तहत लोगों को नशे के प्रकार, नशा एक बीमारी है, नशे की बीमारी से मुक्ति, नशा व मादक पदार्थों का प्रयोग करने वाले व्यक्ति के मुख्य लक्षणों आदि की जानकारी विस्तार से देकर नशा न करने के बारे में लोगों को जागरूक किया जाये। नशा मुक्त भारत अभियान से अधिक से अधिक लोग जुड़े, ताकि नशा मुक्ति का संदेश जन-जन तक पहुंचाया जा सके। नशा मुक्त भारत अभियान का उद्देश्य न केवल जन-साधारण को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागृत करना है, बल्कि नशे के खिलाफ जन आंदोलन का रुप देना है ताकि नशे के खिलाफ हर आदमी जुड़ कर अपना योगदान दे सकें। नशे पर पूर्णत: अंकुश लगाने के लिए व्यापक कदम उठाए जाये। व्यक्ति मनोरंजन के तौर पर नशे की शुरुआत करता है, लेकिन बाद में यह आदत में शुमार हो जाता है, जिससे पूरे परिवार की मानसिक स्थिति के साथ- साथ आर्थिक स्थिति भी खराब हो जाती है। कलेक्टर ने युवाओं, बच्चों, शैक्षणिक संस्थानों, महिलाओं और जन समुदाय की भागीदारी के साथ मादक द्रव्यों के सेवन की रोकथाम के लिए कार्य योजना बनाने निर्देशित किया। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ते मादक द्रव्यों के सेवन की रोकथाम के लिए हॉटस्पॉट का चिन्हांकन कर लगातार मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा स्कूल व कॉलेजों में निरंतर अभियान चलाए जाए व शिक्षकों द्वारा नशा मुक्ति पर विशेष प्रशिक्षण दिया जाए ताकि अधिक से अधिक युवाओं को मादक द्रव्यों के सेवन से होने वाले नुकसान के बारे में जागरूक कर उन्हें रोका जा सके। शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में समय-समय पर मादक द्रव्यों के सेवन से संबंधित जागरुकता प्रचार-प्रसार कार्यक्रम करने, युवाओं, बच्चों, महिलाओं, शैक्षणिक संस्थानों एवं समुदायों को शामिल करके सेमीनार, रैलियां, नुक्कड़ नाटक, नशा बंदी प्रतियोगिताएं, सोशल मीडिया के द्वारा प्रचार अभियान, नशा बंदी शपथ आदि कार्यक्रम आयोजित कर जागरुकता कार्यक्रम किये जाने के निर्देश दिए। इसके अलावा हेल्पलाइन नंबर 14446 का व्यापक प्रचार- प्रसार भी किया जाये। साथ ही उन्होंने पुलिस विभाग एवं आबकारी विभाग के आपसी समन्वय से अवैध तरीके से हो रहे नशे के व्यवसाय पर सख्त से सख्त कार्यवाही करते पूर्णतः विराम लगाए जाने की दिशा में कार्य करने कहा। सूचना तंत्र मज़बूत करें।जानकारी मिलने पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित हो।कलेक्टर श्रीमती पटले ने अभिभावकों से अपील की है कि वे अपने बच्चों की गतिविधियों पर नज़र रखे।बच्चों को इसके दुष्प्रभावों की जानकारी दे। युवा पीढ़ी नशे की गिरफ्त में नहीं आये इस बात पर भी हमें ध्यान देने की आवश्यकता है। बैठक में उप संचालक सामाजिक न्याय श्रीमती अंजना त्रिपाठी ने नशा मुक्त भारत अभियान के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
कलेक्टर ने सुनी लोगों की समस्यायेंजनसुनवाई में आये 103 आवेदन
नरसिंहपुर।कलेक्टर कार्यालय नरसिंहपुर के जनसुनवाई हाल में मंगलवार 15 अक्टूबर को जिले के विभिन्न स्थानों से पहुंचे लोगों ने कलेक्टर श्रीमती शीतला पटले को अपनी समस्यायें बताई और आवेदन दिये। कलेक्टर ने लोगों की समस्याओं को गंभीरतापूर्वक सुना। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आवेदनों के समय सीमा में निराकरण के निर्देश दिये। उन्होंने विभिन्न आवेदनों का मौके पर भी निराकरण कराया। इस दौरान सीईओ जिला पंचायत श्री दलीप कुमार सहित अन्य अधिकारियों ने भी लोगों की समस्यायें सुनी, आवेदन लिए और समय सीमा में निराकरण करने के निर्देश संबंधित विभाग के अधिकारियों को दिये। कलेक्ट्रेट में हुई जनसुनवाई में 103 आवेदन आये।
लंबित पेंशन प्रकरणों के निराकरण के लिए शिविर का आयोजन 16 से 22 अक्टूबर तक
नरसिंहपुर।जिले के अंतर्गत सेवानिवृत्त/ मृत होने वाले शासकीय सेवकों के लंबित प्रकरणों के निराकरण के संबंध में जिला पेंशन कार्यालय नरसिंहपुर में 16 अक्टूबर से 22 अक्टूबर तक पेंशन शिविर का आयोजन किया जायेगा। इस सिलसिले में कलेक्टर ने सभी समस्त आहरण एवं संवितरण अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे 30 सितम्बर तक के सेवानिवृत्त/ मृत कर्मचारियों को लंबित पेंशन प्रकरण प्रस्तुत करते हुए प्रकरणों का निराकरण कराना सुनिश्चित करें। जिला कोषालय नरसिंहपुर को 26 अक्टूबर तक इस आशय का प्रमाण पत्र प्रस्तुत करेंगे कि कार्यालय स्तर पर कोई भी पेंशन प्रकरण लंबित नहीं है। उक्त प्रमाण पत्र के अभाव में संबंधित आहरण एवं संवितरण अधिकारी एवं संबंधित लिपिक का माह अक्टूबर- 2024 का वेतन आहरित नहीं किया जायेगा।