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: गाडरवारा,शाला स्तर पर विज्ञान मेलों का आयोजन संपन्न

Aditi News Team

Wed, Dec 15, 2021

गाडरवारा। जिला शिक्षा अधिकारी श्रीमती जे एस विल्सन के निर्देशानुसार जादू नही विज्ञान है समझना समझाना आसान है कार्यक्रम के अंतर्गत समूचे जिले सहित गाडरवारा क्षेत्र के चीचली, साईंखेड़ा एवं चांवरपाठा विकासखंड के सभी शासकीय हाई एवं हायर सेकेंडरी स्कुलो में विद्यालय स्तर पर विज्ञान मेले का आयोजन गत दिवस किया गया। विज्ञान मेलो के आयोजन से जुड़ी जानकारी देते हुए जिला मीडिया दल के सदस्य मधुसूदन पटैल ने बताया की शाला स्तर पर नगर गाडरवारा के बीटीआई स्कूल, शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, कन्या नवीन विद्या भवन, आदर्श स्कूल , उत्कृष्ट विद्यालय साईंखेड़ा, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय आमगांव छोटा, बम्होरी कलां, पलोहाबड़ा, खुर्सीपार, बनवारी, नांदनेर, शासकीय हाईस्कूल चिरहकलां, सिरसिरी सहित अन्य , चीचली ब्लॉक अंतर्गत शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय चीचली, कन्या हाईस्कूल, शासकीय बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सालीचौका, बसुरिया, रायपुर, पनारी सहित अन्य एवं चांवरपाठा ब्लाक में बोहानी, कौंडिया एवं खुलरी ग्रामो के स्कुलो में छात्र छात्राओं को शिक्षको ने गतिविधि अंतर्गत विज्ञान के चमत्कार एवं प्रयोग बच्चों को करके दिखाए एवं छात्रो के दल बनाकर उन्हें सहभागिता कराते हुए गतिविधि आधारित प्रश्नमंच एवं नाटिका के भी आयोजन कराए। इस अवसर पर शिक्षकों ने प्रयोग कराते हुए छात्र छात्राओं को बताया की अंधविश्वास हमारे समाज की अनचाही बुराई है वैज्ञानिक दृष्टिकोण इसे खत्म करने का सशक्त माध्यम है। शिक्षको ने ये भी बताया की जब नारियल मैं सोडियम धातू के टुकडे छिपाकर पानी डाला जाता है तो उसमें आग लग जाती है। जब कांच की परखनली के अंदर एक और परखनली डालते हैं और फिर जब ग्लिसरीन डालते हैं तो अंदर वाली परखनली ग़ायब हो जाती है। जब आम की छाल के चुर्ण को पानी मे मिलाकर हाथ को धुलवाया जाता है और नीचे किसी बर्तन मैं चूने के पानी को रखा जाता है तो चूने का पानी पीला हो जाता है और यह बताया जाता है कि पीलिया झड़ रहा है। स्कुलो में आयोजन उपरांत संस्था स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्रा का चयन किया गया जो विकासखण्ड स्तर पर आयोजित विज्ञान मेले में सहभागिता करेंगे। शालाओं में विज्ञान मेलों के आयोजन में प्राचार्यो, विज्ञान/गणित शिक्षको, प्रयोगशाला सहायकों सहित छात्र छात्राओं का सहयोग सराहनीय रहा।

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