: गाडरवारा,साँगई में शिक्षकों ने घर घर वितरित की पुस्तकें
Mon, Aug 16, 2021
गाडरवारा। प्रदेश में इन दिनों कोविड 19 संक्रमण के चलते शासकीय एवं अशासकीय प्राथमिक एवं माध्यमिक शालायें बंद है। शालायें बंद होने की स्तिथि में स्कुलो में सिर्फ शिक्षक कार्य करते है एवं छात्र छात्राओं के प्रवेश पर रोक है। ऐसी स्तिथि में डिजिलेप सामग्री के जरिये बच्चों की पढ़ाई व्हाट्सअप्प ग्रुप बनाकर की जाती है। नए शेक्षणिक सत्र 2021-22 के अंतर्गत शासकीय प्राथमिक एवं माध्यमिक स्कूलों में निःशुल्क पुस्तक वितरण भी शुरू हो गया है। बीते सोमवार को समीपी ग्राम साँगई की एकीकृत शासकीय नवीन माध्यमिक शाला के प्रधानपाठक डी एस धानक की अगुवाई में माध्यमिक शिक्षक मधुसूदन पटैल ने प्राथमिक शिक्षक विवेक नाईक, सुरेश चौहान, देवेंद्र ठाकुर, श्रीमती किरणलता ठाकुर एवं श्रीमती लता कहार के साथ बच्चों के घर घर जाकर उन्हें पुस्तकें वितरित कर पुस्तक वितरण अभियान की शुरुआत की। इस मौके पर शिक्षको ने बच्चों के पालकों से बच्चों की पढाई से संबंधित जानकारी हासिल करते हुए प्रतिदिन व्हाट्सअप्प ग्रुप के माध्यम से आ रही डिजिलेप सामग्री को बच्चे नियमित रूप से देखते हुए गृहकार्य को ग्रुप पर भेजें। इस मौके पर माध्यमिक शिक्षक मधुसूदन पटैल ने बताया की इस सत्र में स्कूलों को बीआरसी कार्यालय से पुस्तकें सीधे भेजी गई है। इस बार पुस्तक वितरण की ऑनलाइन फीडिंग पुस्तक वितरण ट्रेकिंग एप्प पर की जानी है।
: नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा का आयोजन आज
Tue, Aug 10, 2021
गाडरवारा। जवाहर नवोदय विद्यालय की कक्षा 6 वी में प्रवेश हेतु परीक्षा आज 11 अगस्त दिन बुधवार को आयोजित होगी । प्रवेश परीक्षा हेतु बनाये गए परीक्षा केंद्रों के अंतर्गत शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय साईंखेड़ा में 252, शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय चीचली में 300 एवं गाडरवारा के शासकीय कन्या नवीन विद्या भवन में 216,शासकीय बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय(बीटीआई) में 300, शासकीय आदर्श उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में 193, शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में 216, सरस्वती उच्चतर माध्यमिक विधालय में 297 एवं शासकीय राघव कृषि उच्चतर माध्यमिक विधालय बोहानी के परीक्षा केंद्र में 228 परीक्षार्थी शामिल होंगे ।बीते मंगलवार को स्थानीय शासकीय आदर्श उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मे उक्त परीक्षा की तैयारी हेतु बैठक का आयोजन किया गया जिसमें परीक्षा संचालन संवंधी निर्देश केंद्र अध्य्क्ष व प्रभारी प्राचार्य के के वर्मा के निर्देशन में किया गया जिसमें पर्यवेक्षकों को जरूरी निर्देश व्याख्याता एन पी साहू, माध्यमिक शिक्षक कमलेश गुप्ता एवं प्रधानपाठक आर् पी महिलांग ने दिये। बैठक में राजेश गुप्ता,रामकुमार कौरव, महेश अधरुज, के के शर्मा, हरि बाई सोनी, अर्चना नामदेव, सविता ठाकुर,सुलेखा पूरी, सुबोध साहू,मधुसूदन पटैल, सचिन लहरिया, देवेंद्र कौरव, जयप्रकाश मालवीय सहित अन्य उपस्थित रहे।
: Bhopal विश्वविद्यालयों के परिक्षेत्र पुनर्निर्धारण में रखें विद्यार्थियों की सुविधा का ध्यान : मंत्री डॉ. यादव
Tue, Aug 10, 2021
भोपाल। उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि विद्यार्थियों की सुविधाओं का ध्यान रखते हुए शासकीय विश्वविद्यालयों के परिक्षेत्र का पुनर्निर्धारण किया जाए। विश्वविद्यालयों में जैविक कृषि, कृषि, हॉर्टिकल्चर एवं अन्य पाठ्यक्रमों को एक विषय के रूप में पढ़ाने के लिए प्रस्ताव तैयार करें। आगामी समन्वय समिति की बैठक में यह प्रस्ताव रखा जाए। उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. यादव मंत्रालय में विभागीय समीक्षा बैठक को संबोधित कर रहे थे।
उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. यादव ने कहा कि विश्वविद्यालय मुख्यालय की जिले से दूरी, विद्यार्थियों की सुविधा और विश्वविद्यालयों की आर्थिक स्थिति को देखते हुए परिक्षेत्र का पुनर्निर्धारण करें। इस संबंध में संशोधन के लिए प्रस्ताव तैयार करें। साथ ही विश्वविद्यालय के वर्क लोड की भी समीक्षा की जाए। बैठक में परंपरागत विश्वविद्यालय में कृषि, जैविक कृषि, हॉर्टिकल्चर एवं अन्य पाठ्यक्रमों को एक विषय के रूप में प्रारंभ करने के प्रस्ताव पर चर्चा की गई। विक्रम विश्वविद्यालय में कृषि संकाय प्रारंभ करने संबंधी अध्यादेश स्थाई समिति द्वारा अनुशंसित किया जा चुका है। डॉ. यादव ने इन विषयों के पाठ्यक्रम तैयार करने के निर्देश दिए।
उच्च शिक्षा मंत्री ने कहा कि सेवानिवृत्ति संबंधी प्रकरण प्राथमिकता के आधार पर हल किए जाएँ। इसमें आदर्श स्थिति होनी चाहिए। सेवानिवृत्ति के दिन ही कर्मचारियों, प्राध्यापकों के सभी देयक प्रदान किए जाएँ। मंत्री डॉ. यादव ने कहा कि विश्वविद्यालय के पेंशन फण्ड में राशि जमा न करने वाले विश्वविद्यालयों से सख्ती बरतते हुए समय पर राशि जमा करायें। इस वित्त वर्ष में समस्त विश्वविद्यालयों से स्ववित्तीय आय की 20 प्रतिशत राशि ली जाना है। विभाग विश्वविद्यालयीन पेंशन पर प्रतिमाह साढ़े 4 करोड़ रुपए खर्च कर रहा है।
डॉ. यादव ने कहा कि विश्वविद्यालय की स्वयं के स्त्रोत से आय, यूजीसी अनुदान और राज्य मद से दी जाने वाली राशि के आधार पर वित्तीय स्थिति का आकलन करें। प्रयास किए जाएँ कि विश्वविद्यालय एक सीमा के बाद सहयोग के लिए राज्य पर निर्भर न रहकर स्वयं सक्षम बनें। विश्वविद्यालयों में रिक्त पदों की पूर्ति, अनुकंपा नियुक्ति प्रकरणों पर भी चर्चा हुई। बैठक में प्रमुख सचिव उच्च शिक्षा श्री अनुपम राजन सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
पेंशन प्रकरण के निराकरण के लिए ऑनलाइन केम्प कल से
महाविद्यालयीन प्राचार्य स्तर पर लंबित पेंशन प्रकरणों के निराकरण के लिए ऑनलाइन केम्प लगाए जा रहे हैं। जबलपुर, उज्जैन और रीवा संभाग के लिए 10 अगस्त, ग्वालियर, भोपाल संभाग के लिए 11 अगस्त और इंदौर और सागर संभाग के लिए 12 अगस्त को यह केम्प लगाये जाएंगे।