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ओशो संन्यासियों ने तीर्थ भारती का महा परिनिर्वाण दिवस मनाया : गाडरवारा में ओशो संन्यासियों ने तीर्थ भारती का महा परिनिर्वाण दिवस मनाया गया

Aditi News Team

Wed, Sep 10, 2025

गाडरवारा में ओशो संन्यासियों ने तीर्थ भारती का महा परिनिर्वाण दिवस मनाया गया

गाडरवारा । स्थानीय ओशो लीला आश्रम में समबुद्ध ओशो के पिता स्वामी देव तीर्थ भारती बाबूलाल जी जैन के महापरिनिर्वाण दिवस के उपलक्ष्य में तीन दिवसीय ध्यान शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर स्वामी ध्यान आकाश के सानिध्य में तीन दिन तक चला, जिसमें ओशो की विभिन्न ध्यान विधियों का अभ्यास किया गया।

महापरिनिर्वाण दिवस के अवसर पर ओशो के संन्यासियों द्वारा विशेष ध्यान विधियों का अभ्यास किया गया।इस दिन भजन-कीर्तन, आनंद नृत्य, और साक्षी भाव में ओशो के पिता को श्रद्धांजलि अर्पित की गई।

बताया जाता है कि स्वामी देव तीर्थ भारती ने अपनी देह त्यागने के दिन ही संबोधि और बुद्धत्व प्राप्त किया था, जो उनकी आध्यात्मिक यात्रा का शिखर था। ओशो के पिता बाबूलाल जी जैन और माता सरस्वती जैन ने ओशो इंटरनेशनल कम्यून, पुणे में अपने ही आध्यात्मिक गुरु पुत्र रजनीश ओशो से सन्यास दीक्षा प्राप्त की थी।- दीक्षा के बाद बाबूलाल जी को स्वामी देव तीर्थ भारती और सरस्वती जी को मा सरस्वती नाम दिया गया।

दोनों ने ओशो की आध्यात्मिक यात्रा में महत्वपूर्ण योगदान दिया।

तीन दिवसीय ध्यान शिविर में स्थानीय और बाहरी संन्यासियों ने भाग लिया। शिविर के दौरान प्रतिभागियों ने ओशो की विभिन्न ध्यान विधियों का रसपान किया और अपने अनुभव साझा किए। ओशो लीला आश्रम के मीडिया प्रभारी स्वामी राजेश नीरस ने शिविर में शामिल सभी संन्यासियों का आभार व्यक्त किया और इस आयोजन को सफल बनाने में सबका योगदान की सराहना की । महापरिनिर्वाण दिवस का यह आयोजन न केवल आध्यात्मिक ऊर्जा से भरा हुआ था, बल्कि ओशो की शिक्षाओं और उनके पिता के संबोधि के क्षण को याद करने का एक माध्यम भी बना।

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ओशो संन्यासी

तीर्थ भारती का महा परिनिर्वाण दिवस मनाया

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