Thursday 30th of April 2026

ब्रेकिंग

नरसिंह जयंती पर विशेष आलेख - सुशील शर्मा

नरसिंहपुर जिला प्रशासन द्वारा नरसिंह प्रकटोत्सव पर आयोजित हुआ रक्तदान शिविर पहले दिन करीब 20 यूनिट रक्त संग्रहित

कलेक्टर श्रीमती रजनी सिंह ने जिला चिकित्सालय नरसिंहपुर में स्व-गणना कैंप का किया निरीक्षण

किसी भी समय,कहीं भी उतर सकता है मुख्यमंत्री का हेलीकॉप्टर

अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती जी महाराज आज भोर में पधारे काशी पधारे और आज सायं भक्तों को दर्शन एवं आध्यात्मिक मार्गदर्शन में

: पशुओं के सड़क दुर्घटना पर अंकुश लगाने के लिए प्रतिबंधात्मक आदेश जारी आपातकालीन नम्बर 1033 एवं 1962 पर दे सकते हैं जानकारी

Aditi News Team

Fri, Oct 18, 2024
पशुओं के सड़क दुर्घटना पर अंकुश लगाने के लिए प्रतिबंधात्मक आदेश जारी आपातकालीन नम्बर 1033 एवं 1962 पर दे सकते हैं जानकारी नरसिंहपुर। पशुओं के सड़क दुर्घटना को अंकुश लगाने एवं लोक सुरक्षा की दृष्टि से कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट श्रीमती शीतला पटले ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 के प्रावधानों के तहत सम्पूर्ण नरसिंहपुर जिले की सीमांतर्गत आगामी आदेश तक प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किया है।   जारी आदेश के अनुसार कोई भी व्यक्ति/ पशुपालक द्वारा अपने गौवंश या अन्य मवेशियों को जानबूझकर अथवा उपेक्षा पूर्वक सार्वजनिक स्थल व सड़क पर खुला छोड़ा जाता है, तो संबंधित पशुपालक पर दंडात्मक कार्यवाही की जायेगी। पशुपालक गौवंश/ मवेशियों को अपने घर में बांध कर रखें, यह सुनिश्चित किया जाये। इसके लिए राजमार्गों एवं मुख्य सड़क मार्गों के आसपास के गांव में स्थानीय निकाय द्वारा मुनादी भी करायी जाये। गौवंश/ मवेशियों के सड़कों पर विचरण रोकने के लिए संबंधित क्षेत्र के ग्राम पंचायत व नगरीय निकाय, पशु क्रूरता अधिनियम 1960 एवं मप्र नगर पालिका निगम अधिनियम 1956 की धारा 358 (मप्र नगर पालिका विधि संशोधन अध्यादेश 2022) के तहत कार्यवाही करने के लिए पूर्ण रूप से उत्तरदायी होंगे। उक्त आदेश का उल्लंघन पर अधिनियम के प्रावधान के अनुसार कार्यवाही की जावेगी।   जारी आदेश के अनुसार गौवंश/ मवेशियों के सड़कों पर विचरण रोकने के लिए आवश्यकतानुसार स्थानीय निकायों द्वारा कर्मचारी/ वॉलेंटियर नियुक्त किया जावे। कोई भी पशुपालक बीमार/ रोग ग्रस्त/ विकलांग गौवंश/ मवेशियों को किसी मार्ग/ सड़क पर नहीं छोड़ेगा। यदि ऐसा करना आवश्यक हो, तो संबंधित स्थानीय निकाय से सम्पर्क कर गौवंश को संबंधित गौशाला संचालक को सौंपा जावे।   भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण मप्र रोड डेव्हलपमेंट कार्पोरेशन, कार्यपालन यंत्री लोक निर्माण विभाग, प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना आदि द्वारा निर्मित सड़कों पर घुमंतू गौवंश/ मवेशियों के विचरण पर प्रतिबंध लगाने/ रोकने के लिए सम्पूर्ण उत्तरादायित्व सड़क निर्माण विभाग का होगा। संबंधित सड़क निर्माण विभाग सतत पेट्रोलिंग की कार्यवाही पूर्ण करते हुए गौवंश/ मवेशियों को सड़क पर आने से रोकने की कार्यवाही करेंगे। सड़क दुर्घटना में मृत पशुओं के तत्काल निस्तार की व्यवस्था सुनिश्चित करेंगे। साथ ही घायल पशुओं के इलाज के लिए उप संचालक पशुपालन एवं डेयरी विभाग नरसिंहपुर से सम्पर्क कर तत्काल चिकित्सा व्यवस्था उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित करेंगे।   कोई भी व्यक्ति सड़कों पर मृत अवस्था में मिले गौवंश/ मवेशियों की सूचना जिला कंट्रोल रूम, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के आपातकालीन नम्बर 1033 एवं चलित पशु चिकित्सा इकाई के टोल फ्री नम्बर 1962 पर दे सकेगा।   यह आदेश भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 163 (2) के अंतर्गत एक पक्षीय पारित किया गया है। आदेश का व्यापक प्रचार- प्रसार किया जावे। इस आदेश का उल्लंघन करने वाले व्यक्ति के विरूद्ध भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 223 पशु क्रूरता अधिनियम 1960 एवं मप्र नगर पालिका अधिनियम 1956 और मप्र नगर पालिका निगम अधिनियम 1956 की धारा 358 के प्रावधानों के अंतर्गत कार्यवाही की जायेगी।

Tags :

जरूरी खबरें