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: नरसिंहपुर,मजदूरों और वाहनों के द्वारा जो घटनाएं होती हे वह जनवरी फरवरी में ज्यादा होती हे बाहर से आने वाले मजदूरों के वाहनों के द्वारा 

Aditi News Team

Tue, Feb 4, 2025
मजदूरों और वाहनों के द्वारा जो घटनाएं होती हे वह जनवरी फरवरी में ज्यादा होती हे बाहर से आने वाले मजदूरों के वाहनों के द्वारा  नरसिंहपुर । जिले में लगातार बाहर से आने वाले उत्तरप्रदेश बिहार और अन्य प्रदेशों से आने वाले मजदूरों के द्वारा मजदूरी करने के लिए ,नरसिंहपुर करेली तेंदूखेड़ा ,गाडरवारा आदि स्थानों पर संचालित की जाने वाली खांडसारी मिलो शुगर मिलो मैं काम करते हुए शक्कर ,गुड़ आदि बनाया जाता है l वहीं इन मजदूरों का खांडसारी ,भट्टी ओर शुगर मिलों में भी l मजदूरी का कार्य करने वाले इन मजदूरों के साथ-साथ उनके रिश्तेदार भी जिले में भी आते हैं और जब यह रिश्तेदार आते हैं तो ,दिसंबर जनवरी फरवरी माह में चोरी, हत्या , मारपीट की घटनाएं आम हो जाती हे l जब यह आते हे तो इनके पास चार पहिया ,मोटर साइकिल वाहनों को भी लेकर आते हे जिनकी जानकारी न तो आर टी ओ को रहती है और न ही मालिक को रहती हे जहां पर यह काम करते हे l जब यह घटना को अंजाम देते हो तो संबधित मालिकों के कोई भी कार्यवाही नहीं हो पाती हे जिले में आए दिन इस तरह की घटनाएं होती रहती हे l और तो और राष्ट्रीय राजमार्ग के दोनों बाजू से जो पेट्रोल डीजल पंप है और पेट्रोल डीजल पंपों से बाहर से आने वाले मजदूर पेट्रोल डीजल भरवाते हैं l इनका कोई भी वेरिफिकेशन नहीं होता है और न ही इनकी कोई जानकारी पेट्रोल और डीजल भरने वाले करते हैं l पिछले कुछ सालों से इन मजदूरों के द्वारा किए गए रुपए लेकर जाने के मामले हो या परेशान करने के मामले को लेकर प्रताड़ित किसानो के द्वारा भी ज्ञापन दिए गए पर ज्ञापनों पर कोई कार्यवाही नहीं हो पाती है l मां नर्मदा नदी के किनारे से रेत को निकालने वाले डंपर जेसीबी और हाइबा के भी नंबर नहीं होने से इनको ढूंढने में परेशानी होती है और बताया जाता है कि ये वाहन निजी कंपनीयो के द्वारा फाइनेंस होते हैं जिनकी अवधि निकल चुकी होती है और बिना फिटनेस के यह वाहन चलते रहते हैं और राष्ट्रीय राजमार्ग से निकलने से दुर्घटनाओं को अंजाम देते हैं जिनकी कोई भी जानकारी संबंधित अधिकारियों को नहीं रहती हे l

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