: इंदौर क्राइम ब्रांच ने शातिर चार पहिया वाहन चोर पकड़े
Thu, Apr 7, 2022
इन्दौर। पुलिस आयुक्त इंदौर नगर श्री हरिनारायणचारी मिश्र ने इंदौर कमिश्नरेट में वाहन चोरी करने वालों पर प्रभावी कार्यवाही करने हेतु निर्देशित किया गया हैं। इन निर्देशों के अनुक्रम में श्रीमान अतिरिक्त पुलिस आयुक्त इंदौर श्री राजेश हिंगणकर एवं अतिरिक्त पुलिस आयुक्त इंदौर श्री मनीष कपूरिया के मार्गदर्शन में पुलिस उपायुक्त अपराध शाखा श्री निमिष अग्रवाल एवं अतिरिक्त पुलिस उप आयुक्त क्राईम ब्राँच इंदौर श्री गुरू प्रसाद पाराशर के नेतृत्व में क्राइम ब्रांच की टीम ने प्रतापगढ़ उत्तर प्रदेश की शातिर वाहन चोर गैंग के पांच आरोपियों को पकड़ने में सफलता प्राप्त की है।आरोपियों के विरुद्ध मुम्बई, मध्य प्रदेश सहित कई राज्यों में चार पहिया वाहन चोरी के अपराध पंजीबद्ध है एवं कई अपराधों में आरोपी फरार है। पकड़े गए आरोपियों में अनहद उर्फ आर्यन खान पिता इरशाद अली खान प्रतापउम्र 36 निवासी ग्राम भैसावना थाना रानीगंज जिला प्रतापगढ़ उत्तर प्रदेश ( मुख्य सरगना कार बनाने में एक्सपर्ट), मोहम्मद सउद पिता मो मसूद उम्र 37 साल निवासी ग्राम पवारपुर थाना मांधाता तह रानीगंज बाजार देलुपुर जिला प्रतापगढ़ उत्तर प्रदेश (बेटमा में किराए का मकान लेता था एवं डिवाइस से कार स्टार्ट करने में एक्सपर्ट), अजय पिता प्रताप कटवाल नेपाली उम्र 30 साल निवासी नौगांवबारी चौफुल्ली धुले (धूलिया में गैंग के सदस्यों को रुकवाता था),सलीम पिता मोहम्मद रईश शाह उम्र 40 साल निवासी 34 चालीसगांव रोड श्री राम साव मिल के पास साबिर नगर धूलिया महाराष्ट्र तथा राजू तोमर पिता प्रेम नारायण तोमर उम्र 49 साल निवासी 149 प्रगति नगर थाना राजेंद्र नगर इंदौर (दुकान वासु लॉक सेंटर विकास रेखा कॉन्प्लेक्स i-19 टावर चौराहा थाना भवरकुआं इंदौर) शामिल हैं।गैंग का मुख्य सरगना आर्यन उर्फ अनहद उर्फ इमरान खान अपने साथी अजय कटपाल, सऊद व अन्य फरार आरोपी सभी मुम्बई से इंदौर चोरी की कार से फर्जी नंबर प्लेट लगाकर आते और वाहन चोरी करके पीथमपुर बेटमा क्षेत्र में 1 दिन छिपाकर खड़ी कर देते बाद में मौका देखकर ले जाते थे। आरोपी आर्यन विशेष डिवाइस के जरिए गाड़ियों को अनलॉक कर चालू करके चोरी कर दूसरे राज्यों में बेचता था। वह पूर्वे में भी इंदौर में चार पहिया चोरी के अपराध में जेल में बन्द हो चुका है। आरोपी अपने गैंग के सदस्यों के साथ दिन में शहर में रेकी करते एवं सुबह-सुबह 4:00 से 6:00 के मध्य गाड़ियों को चोरी करके ले जाते। गैंग का सदस्य मो. सऊद 2020 में पुलिस पर फायरिंग कर फरार हो गया था। जिसे क्राइम ब्रांच ने जमशेदपुर झारखंड से गिरफ्तार किया है।आरोपियों ने जनवरी-2022 से लेकर मार्च-2022 तक इंदौर के भंवरकुंआ,चंदन नगर,खजराना,तिलक नगर,छत्रिपुरा, महू, अन्नपूर्णा,राजेन्द्र नगर,किशनगंज आदि क्षेत्रों से कार चोरी की दर्जनों घटनाएं कबूल की है। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने चोरी के कुल 11 चार पहिए वाहन जब्त किए है। आरोपियों से अन्य कार चोरी के संबंध में पूछताछ की जा रही है।
: 67 लाख की ठगी के मामले में दो विदेशी नागरिक समेत चार इंटरनेशनल ठग उज्जैन साइबर पुलिस की गिरफ्त में
Tue, Apr 5, 2022
भोपाल। साइबर अपराधों के निराकरण के संबंध में राज्य साइबर पुलिस मुख्यालय भोपाल द्वारा लगातार कार्यवाही की जा रही है। इस तारतम्य में अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक श्री योगेश देशमुख ने बताया कि संत नगर, उज्जैन निवासी फरियादिया ने अपराध पंजीबद्ध करवाया की वर्ष 2017 में उसकी दोस्ती फेसबुक पर एक लूईस डर्क नामक व्यक्ति से हुई थी, जिसके बाद लूईस डर्क द्वारा फरियादिया को विवाह प्रस्ताव दिया एवं कई माह तक वाट्सएप व फेसबुक मेसेंजर पर लगातार सम्पर्क करते हुए विदेश से कई महंगे गिफ्ट व गोल्ड ज्वेलरी व नकदी लेकर भारत आकर विवाह करने का बताया। फरियादिया द्वारा प्रस्ताव स्वीकार करने पर कथित लुईस डर्क के भारत एयरपोर्ट पर आने पर वहाँ उसके पास महंगे गिफ्ट आईटम, ज्वेलरी गोल्ड, विदेशी मुद्रा आदि पाये जाने पर फरियादिया को कस्टम ड्यूटी विविध टेक्स, मनी लांडरिंग, एन्टी टेररिस्ट आदि कई क्लियरेंस व लुईस डर्क को छोड़ने के नाम पर तीन वर्ष में कुल 67 लाख रुपये अलग-अलग 20 बैंक खातों में जमा करवाये गये। तब फरियादिया को अपने साथ ठगी का अहसास हुआ। जिस पर अपराध कमांक 427 / 19 धारा 420, 201 भादवि व 66-डी आई.टी.एक्ट (सूचना प्रोद्योगिकी अधिनियम) अंतर्गत पंजीबद्ध कर राज्य साइबर पुलिस उज्जैन द्वारा पुलिस अधीक्षक जितेन्द्र सिंह के निर्देशन में की जा रही थी। प्रकरण की विवेचना के दौरान पूर्व में एक आरोपी खाताधारक को रीवा से गिरफ्तार किया गया था।विवेचना के दौरान डिजिटल तथ्य व अन्य तकनीकी जानकारी के आधार एक विशेष टीम को दिल्ली, गुडगांव, रामपुर (उ.प्र.), बरेली (उ.प्र.) तथा रुद्रपुर (उत्तराखंड) रवाना किया गया। टीम द्वारा लगातार 6 दिन तक दिल्ली, रुद्रपुर, रामपुर के अलग-अलग स्थानों पर अथक प्रयास एवं पतासाजी कर रुद्रपुर से मोहित उर्फ राजीव कुमार तथा दिल्ली से सोहन सिंह, एक नाईजीरियन किश्चीयन एडीके एवं सोमालिया के फौजी ओमर को पर्याप्त साक्ष्य होने पर अभिरक्षा में लिया गया। प्रकरण के संबंध में पूछताछ पर मोहित सिंह उर्फ राजीव ने प्रकरण में फर्जी ड्राइविंग लाइसेंस व पेन कार्ड के आधार पर दो बैंक खाते खुलवाकर अपने जीजा सोहन सिंह को दिये थे। सोहन द्वारा एक फर्जी फर्म तैयार कर बैंक खाते अपने नाइजीरियन दोस्त किश्चीयन एडिके व सोमालिया के दोस्त फौजी ओमर को उपलब्ध करवाकर अपना कमीशन लेता था। सोहन सिंह जिन लोगों के बैंक खातो का उपयोग करता था उनको कमीशन प्रदान करता था। किश्चीयन एडिके फेसबुक पर सुन्दर व आकर्षक युवतियों व युवको के नाम से आई.डी. बनाकर भारतीयों के अलावा विदेशी (यूनाइटेड किंगडम, यूएसए व अरब देशों) के कई लोगों के विपरित लिंग अनुसार फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजता और लम्बे समय तक बात कर विश्वास में लेता था। फिर उनके लिए महंगे गिफ्ट, परिधान, आईफोन, डायमंड ज्वेलरी व विदेशी करेंसी भेजने का झांसा देता। इसके कुछ दिन बाद फौजी ओमर तथा सोहन सिंह लोगों को कस्टम डिपार्टमेंट व मनी लॉड्रिंग, एंटी टेरेरिस्ट सर्टीफिकेट के नाम पर राशि जमा करवाते थे। राशि जमा करने की जानकारी पीडि़तों से मिलते ही एटीएम व चेक से आहरण कर आपस में हिस्सा कर लेते थे। आरोपियों के कब्जे से एटीएम कार्ड, पैन कार्ड, चेक बुक, मोबाइल फोन व लेपटाप जब्त किये गये है। प्रकरण में आरोपियों से बैंक खातों में आई राशि व अन्य लोगों के साथ हुई ठगी संबंध में पूछताछ की जा रही है। पूछताछ के दौरान ज्ञात हुआ की नाइजीरियन किश्चियन एडीके व सोमालिया का फौजी ओनर अवैध तरीके से भारत में वीजा एक्सपायर होने के बाद भी भारत में निवास कर रहे है।
गिरफ्तार आरोपी
-01. मोहित सिंह पिता उर्फ राजीव कुमार पिता दौलत निवासी सोढी कालोनी, रुद्रपुर उत्तराखंड02. सोहन सिंह पिता दौलत सुखपाल निवासी सोढी कालोनी, रुद्रपुर, उत्तराखंड03. किश्चियन एडीके पिता नौउका निवासी इमुदिया स्ट्रीट, एग्बोर, नाइजीरिया (वर्ष 2015 में वीजा एक्सपायर)04. फौजी ओमर पिता मोहम्मद ओमर निवासी हरगेसिया, सोमालीलँड, सोमालिया (वर्ष 2007 में वीजा एक्सपायर)अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक, राज्य सायबर सेल मुख्यालय भोपाल श्री योगेश देशमुख ने राज्य साइबर पुलिस, उज्जैन की टीम को नगद पुरूस्कार देने की घोषणा की है। उन्होंने एडवायजरी जारी करते हुए कहा है कि फेसबुक पर अनजान से दोस्ती नही करे। किसी भी अनजान व्यक्ति की बातों पर विश्वास नहीं करे। महंगे गिफ्ट आईटम व गोल्ड डायमंड ज्वेलरी के लालच में न आएं।
: गुरैयाघाट जबलपुर में अवैध कब्जे से मुक्त कराई 13 करोड़ की शासकीय भूमि
Sun, Apr 3, 2022
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सभी जिला एवं पुलिस प्रशासन को निर्देश दिये हैं कि प्रदेश में भू-माफियाओं और अपराधियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्यवाही की जाए। मुख्यमंत्री श्री चौहान के निर्देशानुसार प्रदेश में माफिया विरोधी अभियान में माफिया और अपराधी तत्वों के रसूख को नेस्तनाबूत करने की कार्यवाही की जा रही है। जबलपुर जिला प्रशासन द्वारा आज रांझी तहसील के ग्राम गुरैयाघाट में राष्ट्रीय राजमार्ग से लगी करीब 1 लाख 15 हजार वर्गफुट शासकीय भूमि हिस्ट्रीशीटर अब्दुल रज्जाक के अवैध कब्जे से मुक्त कराई गई। मुक्त भूमि की कीमत करीब 13 करोड़ रूपये आंकी गई है।कलेक्टर डॉ. इलैयाराजा टी के निर्देश पर आज नगर निगम एवं पुलिस के सहयोग से अतिक्रमित शासकीय भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त कराने की कार्यवाही की गई। इस कार्यवाही में जेसीबी मशीनों से कँटीले तारों की बाड़ को हटाया गया। हिस्ट्रीशीटर अब्दुल रज्जाक द्वारा होटल पसरीचा के बाजू में रास्ते की भूमि पर कँटीले तार लगा कर आम रास्ते को अवरुद्ध कर दिया गया था। रांझी तहसीलदार श्री श्याम नन्दन चंदेले ने बताया कि अब्दुल रज्जाक के अवैध कब्जे से मुक्त कराया गया आम रास्ता राष्ट्रीय राजमार्ग 12-ए को सालीबाड़ा गौर से जोड़ता है।