: मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना के तहत काशी (वाराणसी) के लिए आवेदन पत्र 3 अगस्त तक आमंत्रित
Mon, Jul 24, 2023
मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना के तहत काशी (वाराणसी) के लिए आवेदन पत्र 3 अगस्त तक आमंत्रितनरसिंहपुर। राज्य शासन के धार्मिक न्यास और धर्मस्व विभाग निर्देशानुसार मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना के तहत काशी (वाराणसी) के लिए पात्र हितग्राहियों से 3 अगस्त 2023 तक आवेदन आमंत्रित किये गये हैं। यात्रा 18 अगस्त से 21 अगस्त तक होगी।उल्लेखनीय है कि तीर्थ दर्शन योजना के अंतर्गत मप्र के निवासियों के लिए, जो 60 वर्ष या अधिक आयु के व्यक्तियों, जो आयकर दाता नहीं हो, को प्रदेश के बाहर स्थित विभिन्न नाम निर्दिष्ट तीर्थ स्थानों में से किसी एक स्थान की यात्रा सुलभ कराने के लिए मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना परिकल्पित की गई है। उक्त योजना के अंतर्गत 18 अगस्त को जिले के तीर्थ यात्री काशी (वाराणसी) की यात्रा कर सकते हैं। इस सिलसिले में अपर कलेक्टर श्री दीपक कुमार वैद्य ने बताया कि तीर्थ यात्रा में जाने के लिए आवेदक को अपना आवेदन पत्र निर्धारित प्रपत्र में संबंधित नगर पालिका अथवा जनपद पंचायत के कार्यालय में समग्र आर्डडी सहित प्रस्तुत कर सकते हैं। यात्रा की तीर्थ के दिवस यात्री को स्वयं अपने व्यय से नरसिंहपुर स्टेशन आना होगा। यात्रियों से अपेक्षा की गई है कि वे मौसम के अनुरूप वस्त्र, व्यक्तिगत उपयोग की सामग्री यथा कंबल, चादर, तौलिया, साबुन, कंघा, दाढ़ी बनाने का सामान आदि साथ में रखना होगा। उक्त यात्रा नरसिंहपुर स्टेशन पर ही यात्रियों को वापिस उतरना होगा। बुजुर्गों की सहायता के लिए एक सहायक को भी ले जा सकते हैं, जिसकी उम्र 18 वर्ष से 50 वर्ष के बीच होनी चाहिये। आवेदक एक या एक से अधिक स्थानों के लिए यात्रा करने आवेदन प्रस्तुत कर सकता है, परंतु वह केवल एक ही स्थान की यात्रा कर सकेगा।
: नरसिंहपुर, सन्तो का अपमान नही सहेगा हिंदुस्तान
Mon, Jul 24, 2023
रिपोर्टर संदीप राजपूत नरसिंहपुर
सन्तो का अपमान नही सहेगा हिंदुस्तान
विगत दिनों में निरन्तर बढ़ती सनातन धर्म के देव्तुल्य आराध्य कथावाचकों की छवि को धूमिल करने के षड्यंत्र और कर्नाटक में हुई जैन मुनि आचार्य काम कुमार नंदी जी महाराज की निर्मम हत्या जैसे सवेदनशील जिहादी घटनाओं में चुप्पी तोड़ते हुए सकल सनातन समाज करेली ने लिखित पत्र के माध्यम से अपनी आस्था पर हुये कुठाराघात के विरोध में करेली थाना में अपनी आपत्ति दर्ज कराई।
जिसमे -
१-कर्नाटक में जैन मुनि आचार्य काम कुमार नंदी महाराज जी की निर्मम हत्या ।
२-नरसिहपुर निवासी नसीर अहमद द्वारा देवतुल्य *रामभद्राचार्य और कथावाचक सन्त धीरेंद्र शास्त्री* के आपत्तिजनक चित्र फेसबुक में शेयर करना।
३-इमलिया(तहसील करेली) निवासी साजिद अरब नामक जिहादी व्यक्ति द्वारा *महंत योगि आदिनाथ* जी की आपत्तिजनक फोटो शेयर करना ।
४-राजपूत समाज के कुलगोरव *महाराणा प्रताप* जी के ऊपर अभद्र टिपण्णी करना ।
५-भारत समेत अनेक देशों में प्रतिवन्धित आतंकवादी जाकिर नाईक की विचारधारा को नसीर अहमद नरसिहपुर के द्वारा शोशल मीडिया में प्रसारित करना ।जैसी घटनाओं को उल्लेख करते हुये नरसिहपुर और करेली की घटनाओं में ततपरता से आरोपियों की हुई गिरफ्तारी की जवाजी कार्यवाही के लिए नरसिहपुर और करेली पुलिस की सराहना करते हुए,जल्द ही कर्नाटक की घटना के आरोपी की गिफ्तारी की मांग और भविष्य में ऐसी अप्रिय घटना की पुनरावृत्ति न हो जिसकी मांग करेली की जाग्रत सनातन समाज के द्वारा उठाई गयी।
: गाडरवारा, श्री श्री वृंदावन गार्डन गाडरवारा में हुआ रुद्राभिषेक
Sat, Jul 22, 2023
श्री श्री वृंदावन गार्डन गाडरवारा में हुआ रुद्राभिषेक
गाडरवारा !श्रावण मास में सृष्टि संचार के समस्त कार्यों को देवाधिदेव महादेव को सौंप कर, सृष्टि के पालक भगवान विष्णु चार माह की योग निंद्रा में विश्राम करते हैं। इस अवसर पर श्रावण माह में शिव आराधना का विशेष महत्व है!
पूज्य गुरुदेव श्रीश्री रविशंकर जी के संकल्प से सावन में रुद्राभिषेक के आयोजन हेतु विशेष आर्ट ऑफ लिविंग बैंगलोर से वैदिक आचार्यों सहित योग्यशिक्षक सहायकों का दल पूरे देश में यात्रा करते हैं।यह अभिषेक पूर्णतः वैदिक संस्कृति के आधार पर संपन्न होता है। जिसमें मंत्रोच्चार आचार्य व पारद शिवलिंग का अभिषेक शिक्षक करते हैं । शेष यजमान ध्यानस्थ हो कर अपने अंदर विराजमान शिवतत्व के प्रभाव को महसूस करते हैं।गुरु परम्परा, गणपति, माता दुर्गा की स्तुति उपरांत शिवजी की आराधना महामृत्युंजय मंत्र और रुद्राष्टक स्तुति द्वारा होती है। इसी बीच शिक्षक जल, दूध दही शहद और अष्टगंध द्वारा शिवलिंग का अभिषेक करते जाते हैं।आर्ट ऑफ लिविंग प्रशिक्षक आशीष भैया द्वारा इस पूजन पद्धति के उद्देश्य व फल का सूक्ष्म सारगर्भित विवरण दिया और आचार्य द्वारा दिव्य मन्त्रों का शुद्ध संस्कृत में स्पष्ट व लयबद्ध उच्चारण से वातावरण में दिव्यता और आनन्द का समावेश होता है।भजन, इस आयोजन का एक और प्रमुख हिस्सा है, जो हमारे जमाडा मंडल द्वारा प्रस्तुत किया गया , युवाचार्यों ने इस पक्ष में बहुत साधना की है जो उनके गायन में दिखाई देती है। आरती के उपरांत आदरणीय आशीष भैया द्वारा प्रसाद के साथ ब्लेसिंग देते हुए अनुष्ठान संपन्न हुआ ।इस कार्यक्रम में आर्ट ऑफ लिविंग गाडरवारा , एवं जमाडा के सदस्यों सहित अन्य धर्मानुरागी भी शामिल हुए! उक्त जानकारी आर्ट ऑफ लिविंग मीडिया प्रभारी नीलेश साहू द्वारा दी गई !