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: सनातन धर्म का मूल आधार गाय माता ही है,पूज्य मुकुंद प्रकाश जी महाराज

Aditi News Team

Fri, Apr 11, 2025
वेदलक्षणा गो आराधना महामहोत्सव से गोमाता की महिमा पूरे देश में प्रवाहित हुई है, पूज्य मुकुंद प्रकाश जी महाराज गाय माता और धरती माता दु:खी रहेगी तो देश कभी सुखी नहीं हो सकता, गोपाल भाई सुतारिया,बंशी गिर गोशाला,कर्णावती सुसनेर। मध्यप्रदेश शासन द्वारा स्थापित एवं श्रीगोधाम महातीर्थ पथमेड़ा द्वारा संचालित विश्व के प्रथम श्री कामधेनु गो अभयारण्य मालवा में चल रहें एक वर्षीय वेदलक्षणा गो आराधना महामहोत्सव के उपसंहार उत्सव चतुर्दश दिवस पर स्वामी गोपालानंद सरस्वती जी महाराज ने बताया कि गाय माता है तो जीवन में आनंद है वरना दुःख उदासी परेशानी एवं संकट है। गाय माता जहर को क्षणों में मिटा सकती है यह वैज्ञानिको ने भी मान लिया है। एक गाय माता को हमने अपना लिया तो समझो गोविंद भी जरूर मिल ही जाएंगे । श्री गोधाम महातीर्थ पथमेड़ा के युवा सन्त मुकुंद प्रकाश जी महाराज ने बताया कि इस अद्भुत आयोजन से गो माता की महिमा पूरे देश में प्रवाहित हो रही है। जबकि सनातन धर्म का मूल आधार गाय माता ही है। जब तक भारत माता में गोमाता प्रसन्न नहीं या दूसरी कथाओं में कोई कितना नाच गा ले लेकिन जब तक उस कथा में गाय माता न हो तो सब व्यर्थ है। हम सभी पूज्य गो माता के चरणों में नमन करते हुए यह प्रार्थना करते हैं कि गाय माता की सेवा करने का मौका हमे मिलता रहे । मिथिला के सीतामढ़ी से पधारे पूज्य किशोरी जी महाराज ने कहा कि श्री सीताराम जी की बड़ी कृपा से यहां आने का सौभाग्य मिला। सबसे प्रथम बात हे कि जीवन में आहार की शुद्धि होना बहुत जरूरी है। मानवीय जीवन के सर्वोपरि उपलब्धि के लिए तीन काम जरूरी है उनमें सबसे पहला हे भोजन । व्यक्ति को गव्य पदार्थ ही सेवन करना चाहिए। वाणी पर संयम रखना भी जरूरी है एक श्वास एक एक पल प्रभु की भक्ति में लगाए। उपसंहार उत्सव में पधारे अन्य पूज्य संतो ने अपने आशीर्वचन में बताया कि गाय माता के संदर्भ में जितनी बाते गोपालानंद जी ने सुनाई उतनी कोई नहीं बता पाएगा अर्थात भगवती गोमाता ने तो भगवान के कष्ट को भी हरा है यानि जब भगवान बृज में अवतार लेकर आए तो उनके जीवन में सबसे ज्यादा कष्ट हुए जब उन्हें नजर लगी तो गाय माता ने भगवान के कष्ट दूर किए। अगर हमारे घर में एक भी गाय माता निवास करती है तो पूरे घर का वातावरण शुद्ध हो जाता है। *ऋषि कृषि गो आधारित जैविक कृषि के तृतीय दिवस पर बंशी गिर गोशाला कर्णावती अहमदाबाद से गोपाल भाई सूतारिया का मार्गदर्शन मिलेगा *बंशी गिर गोशाला के संस्थापक गोपाल भाई सुतारिया ने बताया कि गाय माता और धरती माता दुखी रहेगी तो देश कभी नहीं सुखी रहेगा। सभी रूप से मदद करने में कोई है तो वो केवल गाय माता है और देशी गाय का दूध दुनिया का सबसे बड़ा न्यूट्रियंस है। मक्खन दुनिया का बच्चों के लिए सबसे बड़ा टॉनिक है । हमारे आचरण में धर्म आ जाएं हमें दंभ नहीं करना शिवजी के मंदिर में जो भी दूध चढ़ाए तो गाय माता का ही चढ़ाए। एक वर्षीय गोकृपा कथा के उपसंहार उत्सव के चतुर्दश दिवस पर समस्त गोभक्त मंडल पिड़ावा, समस्त महिला मंडल कचनारा,समस्त गोभक्त मंडल बागड़वासी,समस्त गोभक्त मंडल अमलनेर,गोभक्त मंडल उदयपुर एवं समस्त गो भक्त मंडल सुसनेर के गोभक्त मंडल अपने साथ 56 भोग के साथ सम्पूर्ण विश्व के जन कल्याण के लिए गाजे बाजे के साथ भगवती गोमाता के लिए चुनरी लेकर पधारे और कथा मंच पर विराजित भगवती गोमाता को चुनरी ओढ़ाई एवं गोमाता का पूजन कर स्वामी गोपालानंद सरस्वती महाराज से आशीर्वाद लिया और अंत में सभी ने गो पूजन करके यज्ञशाला की परिक्रमा एवं गोष्ठ में गोसेवा करके सभी ने गोव्रती महाप्रसाद ग्रहण किया।

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