: गाडरवारा,गीता जयंती महोत्सव पर एशिया बुक्स ऑफ़ रिकॉर्ड की उपलब्धि
Thu, Dec 12, 2024
गीता जयंती महोत्सव पर एशिया बुक्स ऑफ़ रिकॉर्ड की उपलब्धि
गाडरवारा,माहेश्वरी महिला मंडल द्वारा गीता जयंती महोत्सव पर 11 दिसंबर, 2024 को गाडरवारा की 13 शालाओं के 500 विद्यार्थियों द्वारा स्थापित करवाया गया एशिया बुक ऑफ रिकॉर्डस का नया कीर्तिमान। जी हां 500 बच्चों द्वारा एक साथ एक लय में एक मंच पर गीता के 15वें अध्याय का काबरा मेमोरियल पब्लिक स्कूल में किया गया वाचन।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में श्रीमती मंजू जी उदय प्रताप सिंह विशिष्ट अतिथि के रूप में श्रीमती अनीता जी जवांधिया संयुक्त मंत्री, मध्यांचल, श्रीमती राजश्री जी राठी प्रादेशिक सचिव, साधना जी स्थापक पूर्व विधायक, संस्कार सिद्धा समिति की संयोजिका आरती जी राठी,श्री राम कुमार जी काबरा अध्यक्ष काबरा मेमोरियल पब्लिक स्कूल की उपस्थिति रही।कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में पीतांबरा पीठ के आचार्य श्री का आगमन हुआ जिन्होंने बच्चों के लिए गीता के ज्ञान पर प्रकाश डाला।कार्यक्रम में 13 स्कूल के प्रिंसिपल एवं सभी संस्कृत टीचर सम्मिलित हुए जिनका माहेश्वरी महिला मंडल गाडरवारा द्वारा सम्मान किया गया।
: गाडरवारा,14 दिसंबर को होगा नेशनल लोक अदालत का आयोजन
Thu, Dec 12, 2024
14 दिसंबर को होगा नेशनल लोक अदालत का आयोजन
गाडरवारा / राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वाधान में दिनांक 14.12.2024 को इस वर्ष की अंतिम नेशनल लोक अदालत का आयोजन व्यवहार न्यायालय परिसर गाडरवारा में किया जा रहा है, जिसमें न्यायालय में लंबित राजीनामा योग्य समस्त आपराधिक, दीवानी, मोटर दुर्घटना, विद्युत चोरी, चैक बाउंस एवं पति पत्नी या परिवार के विवाद संबंधी मामलों में सुलह समझौते के माध्यम से प्रकरण का निराकरण हेतु कुल 9 खंडपीठों का गठन किया गया है। उक्त सभी खंडपीठों के द्वारा राजीनामा योग्य सभी मामलों में दोनों ही पक्षों के मध्य सुलह समझौते का प्रयास करते हुए सुलह समझौते के आधार पर प्रकरण के निराकरण का प्रयास किया जावेगा।मनीष कुमार श्रीवास्तव, जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश तथा तहसील विधिक सेवा समिति गाडरवारा के अध्यक्ष ने गाडरवारा क्षेत्र के सभी निवासियों से और विशेषकर उन व्यक्तियों से "जिनके राजीनामा योग्य आपराधिक, दीवानी, चैक बाउंस, पति-पत्नी के विवाद, भरपोषण संबंधी, बिजली चोरी संबंधी प्रकरण न्यायालयों में विचाराधीन है," यह अपील की है कि यदि वे लोक अदालत में सुलह समझौते के माध्यम से अपने लंबित प्रकरण का निराकरण कराना चाहते हो तो वे गाडरवारा न्यायालय परिसर में आयोजित लोक अदालत में उपस्थित होकर सुलह समझौते की वार्ता कराकर अपने विवाद का सुखद निराकरण कराने आ सकते हैं। उनके द्वारा यह भी बताया गया कि यदि चैक बाउंस वाले मामलों और न्यायालय में विचाराधीन दीवानी मामलों में सुलह समझौते के आधार पर लोक अदालत में निराकरण होता है तो पक्षकार के द्वारा मामला लगाने के लिए जो न्यायालय फीस का भुगतान किया गया था, वह पूरी की पूरी न्यायालय फीस पक्षकार को वापस कर दी जाती है। न्यायाधीश श्रीवास्तव द्वारा यह भी जानकारी दी गयी कि विद्युत चोरी, जल एवं सम्पत्ति कर के मामलों में बकाया दर्शित मूल राशि, लोक अदालत में जमा करने पर ही सरचार्ज और ब्याज की राशि की छूट का लाभ प्राप्त किया जा सकता है, यदि उपभोक्ता के द्वारा बकाया बिजली बिल, जल कर, सम्पत्ति कर की राशि का भुगतान दिनांक 14.12.2024 को आयोजित लोक अदालत में न किया जाकर बाद में किसी अन्य दिवस को किया जाता है तो उन्हें बकाया बिल पर विद्युत विभाग / नगर पालिका द्वारा लगायी गयी सरचार्ज और ब्याज की राशि पर कोई छूट नहीं मिलेगी। अतः गाडरवारा क्षेत्र के सभी निवासियों और विद्युत उपभोक्ताओं से लोक अदालत में बकाया राशि जमा कर सरचार्ज एवं ब्याज की राशि पर मिलने वाली छूट का लाभ प्राप्त करने की अपील की है।
: ग्राम बड़ागांव के हाईस्कूल मे बच्चों को स्कूल बैग एवं गर्म वस्त्र वितरित
Thu, Dec 12, 2024
ग्राम बड़ागांव के हाईस्कूल मे बच्चों को स्कूल बैग एवं गर्म वस्त्र वितरित
गाडरवारा। क्षेत्र मे इन दिनों शासकीय शालाओं मे शिक्षकों द्वारा बच्चों के हितार्थ विभिन्न नवाचार करते हुए उन्हें शिक्षा देने का कार्य किया जा रहा है। कुछ ऐसी ही बानगी चीचली ब्लॉक के सुदूर वनाँचल आदिवासी ग्राम बड़ागांव मे उस समय देखने को मिली जब वहाँ एकीकृत शासकीय हाईस्कूल के प्रभारी प्राचार्य जीतलाल बिरनवार,अतिथि शिक्षक देवराज गुर्जर एवं लक्ष्मी प्रसाद विश्वकर्मा द्वारा कक्षा पहली एवं दूसरी के छात्र छात्राओं को निःशुल्क स्कूल बैग वितरित किए गए। इसके अलावा ठण्ड से बचाव हेतु गर्म कपड़े भी बच्चों को वितरित किए गए।उल्लेखनीय है कि इस स्कूल मे नित नए नवाचार कराते हुए बच्चो को प्रोजेक्टर के माध्यम से मिनी स्मार्ट क्लास बनाकर भी शैक्षणिक गतिविधियां कराई जाती हैं इससे छात्र छात्राओं में शाला के प्रति आकर्षण रहता है। ज्ञात हो की ग्राम बड़ागांव समुंद्र तल से लगभग तीन हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित है जहाँ दस किलोमीटर पैदल ही चलकर जाया जा सकता है।