Wednesday 10th of June 2026

ब्रेकिंग

नरसिंहपुर सुआतला थाना क्षेत्र के ग्राम केरपानी में बीती देर रात दो नकाबपोश बदमाशों द्वारा एक वाहन पर तोड़फोड़ करने पर

विकास के नाम पर जनता के पैसों को कैसे ठिकाने लगाया जा रहा

ग्राम पंचायत बोदरी तहसील गाडरवारा जिला नरसिंहपुर का मामला जहां दबंगों ने की तानाशाही से ग्रामीण परेशान,

कलेक्टर ने हितग्राहियों को शासन की योजनाओं से लाभांवित करने और स्थानीय समस्याओं का निराकरण करने के निर्देश दिए

पूर्ण एकल नल-जल योजनाओं को ग्राम पंचायतों को हस्तांतरित किया जाएं- कलेक्टर श्रीमती रजनी सिंह

नरसिंहपुर सहकारिता विभाग में भ्रष्टाचार व मनमानी का मामला सामने आया : जिला पंचायत सदस्य धनंजय पटेल ने लगाए गंभीर आरोप

Aditi News Team

Sat, May 9, 2026

नरसिंहपुर जिला पंचायत की सामान्य सभा की बैठक में आज सहकारिता विभाग में कथित भ्रष्टाचार और मनमानी का मामला जोरदार तरीके से गूंजा। जिला पंचायत सदस्य धनंजय पटेल ने उपायुक्त सहकारिता दिनेश चौरसिया पर गंभीर आरोप लगाते हुए विभाग को भ्रष्टाचार का अड्डा बताया। बैठक में मौखिक आदेशों पर पदस्थापना, 22 समितियों को ब्लैकलिस्ट करने और गेहूं खरीदी में कथित अनियमितताओं को लेकर तीखी बहस हुई।

जिला पंचायत की बैठक में उस वक्त माहौल गर्म हो गया जब सदस्य धनंजय पटेल ने सहकारिता विभाग की कार्यप्रणाली पर सवालों की बौछार कर दी। पटेल ने आरोप लगाया कि विभाग में नियम-कायदों को दरकिनार कर फोन कॉल और मौखिक आदेशों के आधार पर अधिकारियों को जिम्मेदारियां सौंपी जा रही हैं।

उन्होंने कहा कि एक ही अधिकारी को कई महत्वपूर्ण पदों की जिम्मेदारी देकर पूरे जिले की कमान सौंपना प्रशासनिक नियमों का खुला उल्लंघन है।

बैठक में 22 सहकारी समितियों को ब्लैकलिस्ट किए जाने का मुद्दा भी गरमाया। धनंजय पटेल ने आरोप लगाया कि वर्षों से किसानों की सेवा कर रही समितियों को बाहर कर विवादित समितियों को गेहूं खरीदी का जिम्मा दिया गया।उन्होंने इसे किसानों के हितों के साथ खिलवाड़ बताते हुए पूरे मामले में बड़े भ्रष्टाचार की आशंका जताई।

जिला पंचायत सदस्य धनंजय पटेल ने मनमानी के गंभीर और रूप लगाते हुए कहा “सहकारिता विभाग में नियम नहीं, बल्कि मनमानी चल रही है। किसानों के हितों को नजरअंदाज कर कुछ लोगों को फायदा पहुंचाने का काम किया जा रहा है। पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।”

बैठक के दौरान जब उपायुक्त सहकारिता दिनेश चौरसिया से इन आरोपों पर जवाब मांगा गया तो उनके जवाबों से सदस्य संतुष्ट नजर नहीं आए। मामले को लेकर सदन में तीखी नाराजगी देखने को मिली। अब इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग तेज हो गई है।

फिलहाल सहकारिता विभाग पर लगे इन गंभीर आरोपों ने जिले की राजनीति और प्रशासनिक गलियारों में हलचल मचा दी है। अब देखना होगा कि शासन इस मामले में क्या कदम उठाता है।

Tags :

अदिति न्यूज,(सतीश लमानिया)

उपायुक्त सहकारिता दिनेश चौरसिया

जरूरी खबरें