विकसित भारत-2047” के विजन को साकार करने पुलिस मुख्यालय की अभिनव पहल
• “विकसित भारत-2047” के विजन को लेकर पुलिस मुख्यालय की महत्वपूर्ण पहल।
• पुलिसिंग को अधिक प्रभावी, संवेदनशील बनाने पर जोर।
• *पुलिसिंग में सुधार हेतु वरिष्ठ अधिकारियों को विशेष जिम्मेदारी।
• पुलिस अधीक्षक, डॉ. ऋषिकेश मीना सहित वरिष्ठ अधिकारियों ने एक-एक थाना लिया गोद।
• आधुनिक एवं जनहितैषी पुलिसिंग हेतु अधिकारियों ने अपनाए थाना।
• पुलिस अधीक्षक ने द्वारा गोद लिए थाना करेली का किया औचक निरीक्षण।
पुलिस मुख्यालय द्वारा “विकसित भारत-2047” के विजन को दृष्टिगत रखते हुए पुलिसिंग व्यवस्था को अधिक प्रभावी, संवेदनशील एवं जनोन्मुखी बनाने हेतु महत्वपूर्ण पहल की गई है।
पुलिस मुख्यालय के निर्देशानुसार 10 वर्ष से अधिक सेवा अनुभव वाले पुलिस अधिकारियों को एक-एक थाना गोद लेकर वहां की पुलिस कार्यप्रणाली में आवश्यक सुधारात्मक एवं प्रभावी कदम उठाने हेतु निर्देशित किया गया है।
*थाना गोद लेने के अंतर्गत निर्धारित लक्ष्य एवं उत्कृष्ट कार्ययोजना :*
• थाने को आधुनिक संसाधनों, सुव्यवस्थित कार्यप्रणाली एवं उच्च गुणवत्ता मानकों के अनुरूप विकसित कर ISO Certification प्राप्त करने वाला आदर्श थाना बनाना।
• वैज्ञानिक साक्ष्यों, फॉरेंसिक तकनीकों एवं तकनीकी संसाधनों का प्रभावी उपयोग कर निष्पक्ष एवं गुणवत्तापूर्ण विवेचना करने वाला जिले का सर्वश्रेष्ठ थाना विकसित करना।
• महिलाओं एवं बच्चों से संबंधित अपराधों, चिन्हित एवं गंभीर अपराधों में सतत मॉनिटरिंग कर त्वरित विवेचना एवं अधिकतम दोषसिद्धि सुनिश्चित करते हुए जिले का उत्कृष्ट थाना बनाना।
• साम्प्रदायिक सौहार्द, शांति एवं मजबूत कानून व्यवस्था बनाए रखने हेतु प्रभावी पुलिसिंग कर जिले का सबसे विश्वसनीय एवं उत्कृष्ट थाना स्थापित करना।
• माननीय गृह मंत्री, भारत सरकार द्वारा प्रदान किए जाने वाले “सर्वश्रेष्ठ थाना पुरस्कार” हेतु जिले के किसी थाने को सभी मानकों पर उत्कृष्ट बनाकर तैयार करना।
• जनसंवाद, सामुदायिक पुलिसिंग एवं आमजन की सहभागिता को बढ़ावा देकर पुलिस एवं जनता के बीच विश्वास, सहयोग एवं सकारात्मक संबंध स्थापित करने वाला उत्कृष्ट थाना विकसित करना।
• नवाचार, आधुनिक तकनीकों, पारदर्शी कार्यप्रणाली एवं जनहितैषी पहलों के माध्यम से पुलिसिंग में उत्कृष्टता एवं नई कार्यसंस्कृति स्थापित करना।
उक्त पहल के अंतर्गत वरिष्ठ अधिकारी संबंधित थानों में नियमित निरीक्षण, अपराध नियंत्रण, शिकायत निवारण, अभिलेख संधारण, साफ-सफाई, जनसुनवाई एवं पुलिस कर्मियों के मार्गदर्शन जैसे विभिन्न पहलुओं पर विशेष ध्यान देंगे।
*उत्कृष्ट पुलिसिंग हेतु वरिष्ठ अधिकारियों ने अपनाए जिले के थाना :* पुलिस मुख्यालय के निर्देश एवं “विकसित भारत-2047” के विजन के की गई पहल के अंतर्गत जिले में अधिकारियों द्वारा निम्नानुसार थानों को गोद लिया गया है:-
• डॉ. ऋषिकेश मीना, पुलिस अधीक्षक, नरसिंहपुर - थाना करेली।
• श्री संदीप भूरिया, अति. पुलिस अधीक्षक, नरसिंहपुर- थाना सांईखेडा।
• श्री मनोज गुप्ता, एसडीओपी, नरसिंहपुर- थाना स्टेशनगंज।
• श्री मनीष त्रिपाठी एसडीओपी, गोटेगांव- थाना गोटेगांव।
• श्री ललित डागुर, एसडीओपी, गाडरवारा- थाना चीचली।
• श्री अभिनव मिश्रा, एसडीओपी, तेन्दूखेडा- थाना तेन्दूखेडा।
• श्री उमेश तिवारी, उप पुलिस अधीक्षक, नरसिंहपुर-थाना पलोहा।
• श्री लोकेश मार्को, उप पुलिस अधीक्षक, नरसिंहपुर-थाना ठेमी।
*पुलिस अधीक्षक, डॉ. ऋषिकेश मीना ने द्वारा गोद लिए थाना करेली का किया औचक निरीक्षण:* पुलिस अधीक्षक डॉ. ऋषिकेश मीना द्वारा आज दिनांक 23.05.2026 को गोद लिए थाना करेली का औचक निरीक्षण कर थाना परिसर, अभिलेखों एवं पुलिस कार्यप्रणाली का विस्तृत जायजा लिया गया।
निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक द्वारा थाना परिसर की साफ-सफाई, मालखाना, हवालात, सीसीटीएनएस कक्ष, रिकॉर्ड संधारण, शस्त्रागार एवं अन्य व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया गया। साथ ही लंबित अपराध, शिकायतों एवं विवेचनाओं की समीक्षा कर उनके शीघ्र निराकरण हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।