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: गांधीग्राम, टमाटर की खटाई की जगह अमचुर और नींबू का उपयोग कर रहे,सब्जियों के दाम बढ़े:रसोई का बजट बिगड़ा

Aditi News Team

Wed, Jul 5, 2023
टमाटर की खटाई की जगह अमचुर और नींबू का उपयोग कर रहे,सब्जियों के दाम बढ़े:रसोई का बजट बिगड़ा। रिपोर्टर-ओम समद गांधीग्राम गांधीग्राम-...तीन चार दिन शुरुआती मानसूनी बरसात क्या हुई सब्जियों के दाम आसमान छू रहे हैं। यही वजह है कि बढ़ती कीमतों ने लोगों के खाने का जायका बिगाड़ दिया है। सब्जी बेचने वाले का रेट सुनकर लोगों के होश उड़ रहे हैं। जहां महीने भर पहले लोग झोलाभर सब्जी लेकर घर जाते थे, अब काम चलाऊ सब्जी लेने पर विवश है। महंगाई ने लोगों के किचन का बजट बिगाड़ दिया है। बाहर से सब्जियों की आवक कम होने से भी दामों में बेतहाशा वृद्धि हो रही है। ग्राम के प्रकाश मिश्रा, मुकेश असाटी,उमेश असाटी,अज्जू चौरसिया, अरविंद सिंह गौर, आशीष असाटी,ओमप्रकाश चौरसिया, जवाहर सिंह, कमलेश असाटी, रामसिंह ठाकुर ने बताया कि वर्तमान में सब्जियों की मंहगाई दौरान काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। एक तरफ लोगों के सामने आर्थिक तंगी आ गई है तो दूसरी तरफ बढ़ती कीमतों से लोग बेहाल हो गए हैं। ये हैं सब्जियों के दाम शुक्रावार को गांधीग्राम की बाजार में सब्जियों के दाम क्रमशः टमाटर 100से 120 रूपये किलो, पत्ता गोभी 30 रूपये, अदरक 260 रूपये, लाल भाजी 40 रूपये, पालक 60 रूपये, मिर्च 160 रूपये, प्याज 30 रूपये किलो, आलू 40,भिण्डी 60 रूपये, कद्दू 60 रूपये, बैंगन 40 रूपये, लौकी 30 रूपये किलो तक बिक रही है। लोगों का कहना है कि बाज़ार में सब्जियों के दाम महंगे चल रहे हैं, समझ में नहीं आता कि क्या सब्जी खरीदें, कोई भी सब्जी 40 रूपये प्रतिकिलो से नीचे नहीं है। लोगों के छोटे परिवार में एक टाईम की सब्जी बनाने में कम से कम 150 रूपये खर्च हो रहे हैं। टमाटर के साथ भिण्डी, फूल गोभी, पत्तागोभी, बरबटी, शिमला मिर्च, परमल, फर्रास फली, सेमी सहित भाजियों के भाव में तेजी बनी हुई है। सब्जियों के बढ़े दामों का मुख्य कारण स्थानीय और बाहरी क्षेत्र से शहर की सब्जी मण्डी में हरी सब्जियों के दाम अधिक होना बताया जा रहा है। ग्रामीणों कर रहे टमाटर की खटाई का विकल्प उपयोग....ग्रहणी वंदना मिश्रा, स्नेहलता,कल्पना,आशा अंजना,शिवानी, सुनीता,संगीता ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले परिवारों द्वारा कहा जा रहा है कि टमाटर जब इतने मंहगे है तो सब्जी के लिए टमाटर ही जरूरी नहीं है टमाटर के स्थान पर सब्जियों में खटाई का विकल्प भी मौजूद है जो कि हमारे ग्रामीण क्षेत्रों में उपयोग किया जाता है, याने टमाटर की खटाई के स्थान पर अमचुर या अमकरिया जो आम को सुखाकर तैयार की जाती है उपयोग में लाया जा सकता है इसी प्रकार सब्जियों में नीबू का रस निचोकर भी खटाई की आपूर्ति की जा सकती है।  

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