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: मां के हत्‍यारे को आजीवन कारावास की सजा

Aditi News Team

Mon, Jun 23, 2025
मां के हत्‍यारे को आजीवन कारावास की सजा नरसिंहपुर । न्‍यायालय प्रथम अतिरिक्‍त सत्र न्‍यायाधीश नरसिंहपुर के न्‍यायालय के द्वितीय अतिरिक्‍त न्‍यायाधीश नरसिंहपुर आलोक मिश्रा के न्‍यायालय द्वारा मां के हत्‍यारे विजय राजपूत उम्र 32 वर्ष निवासी गयादत्‍त वार्ड, गल्‍ला मंडी रोड थाना स्‍टेशनगंज जिला नरसिंहपुर को धारा-103(1) भा.न्या.सं के अंतर्गत आजीवन कारावास तथा 1,000/- (एक हजार) रूपये के अर्थदंड से दंडित किया गया। इस मामले में अभियुक्त विजय शराब पीने का आदी है, जबकि उसकी मां गुलाब बाई उसे शराब पीने से मना करती थी, जिसे लेकर वह गुलाब बाई से झगडत़ा था। घटना दिनांक 13.08.2024 को सुबह लगभग 3:30 बजे द्रोपदी बाई की नींद शोर सुनकर खुली, उसने सुना कि अभियुक्त चिल्ला रहा है कि उसने अपनी मां के उपर सिल पटक कर मार दिया है। उसने अपने पुत्र अभिषेक को उठाया और उक्त बात बताई। दौलत सिहं भी जाग गया तथा पड़ौसी संजय लोधी को भी फोन करके बुलाया गया। जब वे चारों अभियुक्त के मकान के सामने पहुंचे और गुलाब बाई को आवाज लगाई तो अभियुक्त जोर-जोर से चिल्लाने लगा कि उसने अपनी मां के सिर पर सिल पटक कर मार डाला है। अभिषेक ने पुलिस डायल-100 पर फोन किया तो अभियुक्त भाग गया। पुलिस घटना स्थल पर आई, घर के अंदर जाकर देखा तो गुलाब बाई जमीन में बिस्तर पर मृत पडी़ थी, उसके सिर व मुहं से खून निकल रहा था और उसके सिर के पास सिल का पत्थर (मसाला पीसने का बड़ा़ पत्थर) पडा़ हुआ था। अभिषेक की रिपोर्ट पर से थाना स्टेशनगंज नरसिहंपुर में मर्ग कायम कर प्रकरण विवेचना में लिया गया। न्‍यायालय में शासन की ओर से मामले की पैरवी सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी इंद्रमणि गुप्‍ता द्वारा की गई। अभियोजन के द्वारा साक्षियों का परीक्षण कराया गया तत्‍पश्‍चात मौखिक तर्क प्रस्‍तुत किये गये जिनसे सहमत होते हुए न्‍यायालय द्वारा आरोपी विजय राजपूत को धारा-103(1) भा.न्या.सं के अंतर्गत आजीवन कारावास तथा 1,000/- (एक हजार) रूपये के अर्थदंड से दंडित किया गया।

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